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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने यूयू ललित बनाया भारत का चीफ जस्टिस, 27 अगस्त से कार्यकाल होगा शुरू

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को जस्टिस यू.यू. ललित को 27 अगस्त से भारत के अगले मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया है। कानून और न्याय मंत्रालय के एक बयान में कहा गया कि, उदय उमेश ललित को भारत का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया है। ललित 27 अगस्त 2022 को भारत के 49वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में कार्यभार संभालेंगे। भारत के वर्तमान मुख्य न्यायाधीश एन.वी. रमना 26 अगस्त को सेवानिवृत्त हो जाएंगे।




नई दिल्लीः राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को जस्टिस यू.यू. ललित को 27 अगस्त से भारत के अगले मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया है। कानून और न्याय मंत्रालय के एक बयान में कहा गया कि, उदय उमेश ललित को भारत का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया है। ललित 27 अगस्त 2022 को भारत के 49वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में कार्यभार संभालेंगे। भारत के वर्तमान मुख्य न्यायाधीश एन.वी. रमना 26 अगस्त को सेवानिवृत्त हो जाएंगे।

जस्टिस ललित को अगस्त 2014 में सुप्रीम कोर्ट का जज नियुक्त किया गया था। यू यू ललित जी सीधे बार से जज बने थे। न्यायमूर्ति एस.एम. सीकरी के 1971 में बार से 13वें चीफ जस्टिस बनने के बाद ललित दूसरे ऐसे चीफ जस्टिस हैं। जो बार से चुने गए हैं। 

जस्टिस यू यू ललित का जीवन परिचय

जस्टिस ललित का जन्म 9 नवंबर 1957 को महाराष्ट्र के सोलापुर में हुआ था। उन्होंने जून 1983 में बार काउंसिल ऑफ महाराष्ट्र और गोवा से कानून की प्रैक्टिस शुरू की। 1986 में दिल्ली आने से पहले उन्होंने दिसंबर 1985 तक बॉम्बे हाई कोर्ट में प्रैक्टिस की।

न्यायमूर्ति ललित ने अक्टूबर 1986 से 1992 तक सोली जे. सोराबजी के साथ काम किया और उस अवधि के दौरान वो भारत के वकीलों के पैनल में शामिल थे जब सोराबजी भारत के अटॉर्नी जनरल थे। 1992 से 2002 तक, उन्होंने

 एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड के रूप में प्रैक्टिस की और अप्रैल 2004 में सुप्रीम कोर्ट द्वारा उन्हें वरिष्ठ अधिवक्ता के रूप में नामित किया गया। उन्हें वन मामलों, वाहनों से होने वाले प्रदूषण, यमुना के प्रदूषण आदि सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर न्याय मित्र नियुक्त किया गया। 2जी मामलों में सुनवाई करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के आदेश के तहत उन्हें सीबीआई के लिए विशेष लोक अभियोजक के रूप में नियुक्त किया गया था।


सुप्रीम कोर्ट से नूपुर शर्मा को मिली बड़ी राहत, दिल्ली ट्रांसफर किए गए सभी केस

बीजेपी से निलंबित नेता नूपुर शर्मा को सुप्रीम कोर्ट से आज बड़ी राहत मिली। उनके खिलाफ अलग-अलग राज्यों में दर्ज केस को शीर्ष अदालत ने दिल्ली ट्रांसफर कर दिया है। इससे पहले 19 जुलाई को जस्टिस सूर्यकांत और जमशेद पारडीवाला की बेंच ने पैगम्बर मोहम्मद पर टिप्पणी मामले में नूपुर की गिरफ्तारी पर रोक लगाई थी। साथ ही 8 राज्यों में दर्ज FIR दिल्ली ट्रांसफर करने नोटिस जारी किया था। सुनवाई के दौरान आज नूपुर के वकील मनिंदर सिंह ने कहा कि कई पक्षों के जवाब नहीं आए हैं।




नई दिल्लीः बीजेपी से निलंबित नेता नूपुर शर्मा को सुप्रीम कोर्ट से आज बड़ी राहत मिली। उनके खिलाफ अलग-अलग राज्यों में दर्ज केस को शीर्ष अदालत ने दिल्ली ट्रांसफर कर दिया है। इससे पहले 19 जुलाई को जस्टिस सूर्यकांत और जमशेद पारडीवाला की बेंच ने पैगम्बर मोहम्मद पर टिप्पणी मामले में नूपुर की गिरफ्तारी पर रोक लगाई थी। साथ ही 8 राज्यों में दर्ज FIR दिल्ली ट्रांसफर करने नोटिस जारी किया था। सुनवाई के दौरान आज नूपुर के वकील मनिंदर सिंह ने कहा कि कई पक्षों के जवाब नहीं आए हैं। पश्चिम बंगाल से हमें बार-बार समन आ रहा है। इसपर जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि लेकिन हमने दंडात्मक कार्रवाई पर रोक लगाई हुई है। इसके बाद मनिंदर सिंह ने कहा कि बेहतर हो कि सभी केस दिल्ली ट्रांसफर कर दिए जाएं।

इसके बाद जस्टिस ने पूछा कि 19 जुलाई को हमारी सुनवाई के बाद क्या कोई और FIR हुई है? जस्टिस ने कहा कि हम सभी FIR को एक साथ जोड़ कर दिल्ली ट्रांसफर कर देंगे। इसपर मनिंदर 
ने कहा कि FIR रद्द करवाने के लिए भी दिल्ली हाई कोर्ट में ही याचिका का अनुमति मिले। इसपर जज ने कहा कि हां, ऐसा किया जाएगा।

पश्चिम बंगाल के वकील ने क्या कहा?

इसके बाद पश्चिम बंगाल की वकील मेनका गुरुस्वामी ने कहा कि दिल्ली में दर्ज जिस FIR को पहली FIR बताया जा रहा है, उसमें नूपुर आरोपी नहीं शिकायतकर्ता है। जज ने कहा कि तो पहली FIR कौन सी है, जिसमें नूपुर आरोपी है? मेनका ने बताया कि वह FIR मुंबई की है।

मनिंदर सिंह ने इसपर कहा कि नूपुर की जान पर खतरे को ध्यान में रखा जाए। जस्टिस ने फिर कहा कि हम दिल्ली ही ट्रांसफर करेंगे। मेनका ने इसपर आपत्ति जताते हुए कहा कि यह गलत होगा। पहली FIR मुंबई की है। इसपर जस्टिस ने कहा कि जांच एजेंसी (दिल्ली पुलिस) अपना काम कर लेगी।


कॉमनवेल्थ गेम्स 2022: पीवी सिंधु ने जीता गोल्ड लक्ष्य सेन ने भी सोने पर किया कब्जा

कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 मैं आज का दिन बैडमिंटन में भारत के लिए शानदार रहा। भारत ने बैडमिंटन में आज दो गोल्ड जीते हैं। सिंधु ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना पहला गोल्ड मेडल जीता। पीवी सिंधु ने मिशेल ली को सीधे गेम में 21-15, 21-13 से हराया। सिंधु ने गोल्ड जीतकर एक बार फिर से साबित कर दिया है कि क्यों वो भारत की नंबर वन बैडमिंटन खिलाड़ी हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स में पीवी सिंधु का पहला गोल्ड मेडल है। 2014 में पीवी सिंधु कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीतने में कामयाब रही थीं। 2018 में पीवी सिंधु को कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल मिला था।



नई दिल्लीः कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 मैं आज का दिन बैडमिंटन में भारत के लिए शानदार रहा। भारत ने बैडमिंटन में आज दो गोल्ड जीते हैं। सिंधु ने कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना पहला गोल्ड मेडल जीता। पीवी सिंधु ने मिशेल ली को सीधे गेम में 21-15, 21-13 से हराया। सिंधु ने गोल्ड जीतकर एक बार फिर से साबित कर दिया है कि क्यों वो भारत की नंबर वन बैडमिंटन खिलाड़ी हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स में पीवी सिंधु का पहला गोल्ड मेडल है। 2014 में पीवी सिंधु कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीतने में कामयाब रही थीं। 2018 में पीवी सिंधु को कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल मिला था। लेकिन इस बार पीवी सिंधु ने गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। इसके साथ ही सिंधु ने दिखा दिया है कि 2024 में पेरिस ओलंपिक में भी उनकी नज़र गोल्ड मेडल पर होगी।

लक्ष्य सेन ने जीता गोल्ड

भारत के लक्ष्य सेन ने कमाल कर दिया है। लक्ष्य सेन गोल्ड मेडल जीतने में कामयाब रहे हैं। लक्ष्य सेन पहला गेम गंवा चुके थे। लेकिन उसके बाद उन्होंने शानदार वापसी की और 2-1 से गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। 20 साल के लक्ष्य सेन ने भारत की झोली में बड़ी जीत डाल दी है।


2047 के विजन पर चर्चा नीति आयोग की बैठक में, PM मोदी ने दिया इन मुद्दों पर जोर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने थिंक टैंक नीति आयोग की सातवीं गवर्निंग काउंसिल की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में कई राज्यों के मुख्यमंत्री व बहुत से केंद्रीय मंत्रियों ने हिस्सा लिया। बैठक सुबह से लेकर शाम तक चली नीति आयोग के सीईओ परमेश्वरन अय्यर ने कहा कि बैठक में बहुत से महत्वपूर्ण बिंदुओं पर बात हुई।




नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने थिंक टैंक नीति आयोग की सातवीं गवर्निंग काउंसिल की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में कई राज्यों के मुख्यमंत्री व बहुत से केंद्रीय मंत्रियों ने हिस्सा लिया। बैठक सुबह से लेकर शाम तक चली नीति आयोग के सीईओ परमेश्वरन अय्यर ने कहा कि बैठक में बहुत से महत्वपूर्ण बिंदुओं पर बात हुई। 

बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कृषि विविधीकरण के महत्व और विशेष रूप से खाद्य तेलों में आत्मनिर्भर होने की आवश्यकता व्यक्त की। नीति आयोग के रमेश चंद ने कहा कि हम आयात से खाद्य तेल की अपनी कुल मांग का लगभग आधा हिस्सा पूरा कर रहे हैं। कुल मिलाकर इस दिशा में राज्यों से सहयोग मिला है और इस पहलू पर काम कर रहे हैं। बैठक में NEP 2020, G20 और निर्यात के महत्व पर खास चर्चा हुई।

नीति आयोग के वाइस चेयरमैन सुमन बेरी ने कहा कि पीएम ने भारत की कोविड के बाद की स्थिति के साथ ही आगे की रणनीति पर चर्चा की और निर्देश भी जारी किए। बेरी ने कहा कि पीएम मोदी ने कोविड -19 महामारी के दौरान केंद्र और राज्यों ने एक-दूसरे के साथ मिलकर निर्णय लेने के तरीके पर ध्यान दिया। भारत का संघीय ढांचा और सहकारी संघवाद कोविड संकट के दौरान दुनिया के लिए एक मॉडल के रूप में उभरा।

नीति आयोग के सदस्य वीके पॉल ने कहा कि एनईपी पर एक मजबूत सहमति है। लगभग सभी मुख्यमंत्रियों ने एक के बाद एक इस संबंध में अपने द्वारा उठाए गए कदमों के बारे में बताया। अलग-अलग राज्यों में कई प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। यह आने वाले समय में वास्तव में परिवर्तनकारी होगा। नीति आयोग के रमेश चंद ने कहा कि पिछले 5-6 वर्षों के आंकड़ों में दालों के उत्पादन में वृद्धि में तेजी से प्रगति दिखी है। हम कुछ दालों का निर्यात और आयात भी कर रहे हैं। हमें केवल मसूर और अरहर की दालों में कमी है। हम अन्य दालों के मामले में आत्मनिर्भरता के बहुत करीब हैं। प्रधानमंत्री ने कृषि विविधीकरण के महत्व को व्यक्त किया और खाद्य तेलों में विशेष रूप से आत्मनिर्भर होने की आवश्यकता पर जोर दिया। रमेश चंद ने कहा कि हम आयात से खाद्य तेल की अपनी कुल मांग का लगभग आधा हिस्सा पूरा कर रहे हैं।


दिल्ली के बटला हाउस पकड़ा गया ISIS का आतंकवादी, 15 अगस्त को लेकर थी तैयारी!

स्वतंत्रता दिवस से पहले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में जांच एजेंसियों ने एक आईएसआईएस के कट्टर और सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी का नाम मोहसिन अहदम है, जो बिहार का रहने वाला है। वह हाल ही में बटला हाउस इलाके में अपना ठिकाना बनाया था। जानकारी के मुताबिक, NIA को जांच के दौरान मोहसिन की सोशल मीडिया पर संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिली थी।



नई दिल्लीः स्वतंत्रता दिवस से पहले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में जांच एजेंसियों ने एक आईएसआईएस के कट्टर और सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी का नाम मोहसिन अहदम है, जो बिहार का रहने वाला है। वह हाल ही में बटला हाउस इलाके में अपना ठिकाना बनाया था। जानकारी के मुताबिक, NIA को जांच के दौरान मोहसिन की सोशल मीडिया पर संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिली थी। NIA को पता चला कि यह सोशल मीडिया प्लेटफार्म का इस्तेमाल कर ISIS का ऑनलाइन प्रोपेगेंडा फैला रहा है।

गिरफ्तार किए गए संदिग्ध आतंकी से एनआईए की टीम पूछताछ कर रही है। एनआईए यह जानने की कोशिश कर रही है कि क्या 15 अगस्त के दिन आतंकी कोई बड़ा धमाका तो नहीं करना चाहते थे। फिलहाल संदिग्ध आतंकी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अलर्ट पर है। इससे पहले खुफिया एजेंसियों ने आतंकी हमले का अलर्ट जारी किया था।


जगदीप धनखड़ बनेंगे नए उपराष्ट्रपति, मार्गरेट अल्वा को 346 वोटों से मिली हार

उपराष्ट्रपति पद के लिए हुए मतदान में (NDA) उम्मीदवार जगदीप धनखड़ ने संयुक्त विपक्ष की उम्मीदवार मार्गरेट अल्वा को भारी मतों से हराकर जीत दर्ज करी। उपराष्ट्रपति चुनाव के दौरान संयुक्त विपक्ष में फूट भी नजर आई। तृणमूल कांग्रेस ने अल्वा के नाम की घोषणा से पहले ही सहमति ना देने का विचार बना लिया था। आज मतदान प्रक्रिया में तृणमूल कांग्रेस ने हिस्सा नहीं लिया।





नई दिल्लीः उपराष्ट्रपति पद के लिए हुए मतदान में (NDA) उम्मीदवार जगदीप धनखड़ ने संयुक्त विपक्ष की उम्मीदवार मार्गरेट अल्वा को भारी मतों से हराकर जीत दर्ज करी। उपराष्ट्रपति चुनाव के दौरान संयुक्त विपक्ष में फूट भी नजर आई। तृणमूल कांग्रेस ने अल्वा के नाम की घोषणा से पहले ही सहमति ना देने का विचार बना लिया था। आज मतदान प्रक्रिया में तृणमूल कांग्रेस ने हिस्सा नहीं लिया। 

346 वोटों से जीते जगदीप धनखड़

पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ देश के नए उपराष्ट्रपति होंगे। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी और विपक्ष के उम्मीदवार मार्गरेट अल्वा को हराया। धनखड़ को 528 वोट मिले। इसमें से 15 वोट अमान्य रहे। जबकि मार्गरेट अल्वा को 182 वोट पड़े। धनखड़ ने विपक्ष के उम्मीदवार को 346 मतों के अंतर से हराया। 

इस उपराष्ट्रपति चुनाव में एसपी, शिवसेना के दो और बीएसपी के एक सांसद ने वोटिंग में हिस्सा नहीं लिया। उधर, टीएमसी के 34 सांसदों ने वोटिंग नहीं की। टीएमसी ने पहले ही वोटिंग से किनारे का ऐलान किया था। हालांकि पार्टी के आदेश के बावजूद टीएमसी के शिशिर अधिकारी और दिव्येंदु ने मतदान किया।


पात्रा चॉल घोटाला: संजय राऊत और उनकी पत्नी पहुंची ईडी दफ्तर, आमने-सामने बैठाकर होगी पूछताछ

शिवसेना सांसद संजय राउत और उनकी पत्नी वर्षा राहुल प्रवर्तन निदेशालय ईडी के दफ्तर पहुंच चुकी है। पात्रा चॉल घोटाले में आरोपों का सामना कर रहे शिवसेना सांसद और उनकी पत्नी को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ कर सकते हैं। पूछताछ के लिए कल ही ईडी ने संजय राऊत की पत्नी को समन जारी किया था।




नई दिल्लीः शिवसेना सांसद संजय राउत और उनकी पत्नी वर्षा राहुल प्रवर्तन निदेशालय ईडी के दफ्तर पहुंच चुकी है। पात्रा चॉल घोटाले में आरोपों का सामना कर रहे शिवसेना सांसद और उनकी पत्नी को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ कर सकते हैं। पूछताछ के लिए कल ही ईडी ने संजय राऊत की पत्नी को समन जारी किया था। 

प्रवर्तन निदेशालय पात्रा चॉल घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग में गिरफ्तार राउत के सभी करीबियों पर नजर रख रही है। जिसमें प्रवीन रावत, सुजीत पाटकर और उनकी पत्नी वर्षा राऊत खास है। इन तीनों में आपस में क्या संबंध है, एजेंसी इसकी भी जांच कर रही है। इस क्रम में मंगलवार गोपी ने मुंबई के 2 स्थानों पर छापे भी मारे थे। 

यूपी में दीवान बिल्डर्स के बांद्रा दफ्तर और दूसरा बांद्रा में ही नेशनल हेराल्ड केस में छापा मारा था। ईडी अधिकारी यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि संजय राऊत और उनकी पत्नी वर्षा रावत के खाते में पैसे क्यों और कैसे ट्रांसफर किए गए आरोप है। प्रवीन रावत ने संजय राऊत और उनके रिश्तेदारों के खाते में 1.6 करोड़ ट्रांसफर किए थे।

1039.79 करोड़ का है पात्रा चॉल घोटाला
मुंबई पश्चिमी उपगनर के गोरेगांव स्थित सिद्धार्थ नगर के पात्रा चॉल के 47 एकड़ जमीन पर 672 परिवारों के घरों के पुनर्विकास के लिए साल 2007 में सोसायटी द्वारा महाराष्ट्र हाउसिंग डेवलपमेंड अथॉरिटी (म्हाडा) और गुरू कंस्ट्रक्शन कंपनी के बीच करार हुआ था। इस करार के तहत कंपनी को साढ़े तीन हजार से ज्यादा फ्लैट बनाकर म्हाडा को देने थे।

 उसके बाद बची हुई जमीन प्राइवेट डेवलपर्स को बेचनी थी। डीएचआईएल के राकेश वधावन, सारंग वधावन, प्रवीण राउत और गुरू आशीष इस कंपनी के निदेशक थे। आरोप है कि कंपनी ने म्हाडा को गुमराह कर पात्रा चॉल की एफएसआई 9 अलग-अलग बिल्डरों को बेच कर 901 करोड़ रुपये जमा किए। उसके बाद मिडोज नामक एक नया प्रोजेक्ट शुरू कर फ्लैट बुकिंग के नाम पर 138 करोड़ रुपये वसूले गए। लेकिन 672 लोगों को उनका मकान नहीं दिया गया। इस तरह पात्रा चॉल घोटाले में 1039.79 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ। उसके बाद 2018 में म्हाडा ने गुरू कंस्ट्रक्शन कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया गया

पात्रा चॉल का संजय राउत कनेक्शन

गुरु कंस्ट्रक्शन कंपनी के निदेशक रहे प्रवीण राउत, संजय राउत के करीबी हैं। ईडी ने प्रवीण को फरवरी 2022 में गिरफ्तार कर लिया था। बताते हैं कि पात्रा चॉल घोटाले से प्रवीण ने 95 करोड़ रुपये कमाए और वह पैसा अपने रिश्तेदारों और दोस्तों को बांटा था। इसमें से 55 लाख रुपये संजय राउत की पत्नी वर्षा राउत के खाते में आए थे। इस रकम से राउत ने दादर में फ्लैट खरीदा था। ईडी वर्षा राउत से पूछताछ कर चुकी है। वर्षा ने बताया था कि ये पैसे उन्होंने फ्लैट खरीदने के लिए प्रवीण राउत की पत्नी माधुरी से लिए थे। ईडी की पूछताछ के बाद वर्षा ने पैसे माधुरी के खाते में ट्रांसफर कर दिए।


धारा 370 हटाएं जाने की तीसरी बरसी पर पुलवामा में आतंकी हमला, एक प्रवासी मजदूर की मौत

आर्टिकल 370 को हटाए जाने के तीसरी बरसी पर पुलवामा में आतंकियों ने एक हमला किया जिसमें बिहार के एक प्रवासी मजदूर की मौत हो गई और दो अन्य बिहार के मजदूर घायल हो गए। बताया जा रहा है कि हमला ग्रेनेड से किया गया था। पुलिस ने इलाके में तलाशी अभियान चलाया है ताकि जल्द से जल्द आतंकियों को पकड़ा जा सके। मारे गए मजदूर की पहचान मोहम्मद मुमताज के रूप में हुई है जो बिहार के सकवा परसा का रहने वाला था। दो अन्य घायलों का इलाज पुलवामा के जिला अस्पताल में चल रहा है।




नई दिल्लीः आर्टिकल 370 को हटाए जाने के तीसरी बरसी पर पुलवामा में आतंकियों ने एक हमला किया जिसमें बिहार के एक प्रवासी मजदूर की मौत हो गई और दो अन्य बिहार के मजदूर घायल हो गए। बताया जा रहा है कि हमला ग्रेनेड से किया गया था। पुलिस ने इलाके में तलाशी अभियान चलाया है ताकि जल्द से जल्द आतंकियों को पकड़ा जा सके। मारे गए मजदूर की पहचान मोहम्मद मुमताज के रूप में हुई है जो बिहार के सकवा परसा का रहने वाला था। दो अन्य घायलों का इलाज पुलवामा के जिला अस्पताल में चल रहा है। 

घायलों के नाम मोहम्मद आरिफ और मोहम्मद मजबूल बताए गए हैं। ये दोनों ही बिहार के रामपुर के रहने वाले थे। पुलिस का कहना है कि दोनों की ही हालत स्थिर है। इस हमले की निंदा करते हुए श्रीनगर के पूर्व डिप्टी मेयर शेख इमरान ने कहा कि हिंसा को किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता। 

5 अगस्त को हटाया गया था आर्टिकल 370
साल 2019 में पांच अगस्त को सरकार ने जम्मू-कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा देने वाले आर्टिकल 370 को हटा दिया था। शुक्रवार को इसकी तीसरी बरसी है। बता दें कि कुछ दिन पहले ही राज्यसभा में सरकार ने बताया था कि आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद 118 आम नागरिक मारे गए हैं। इसमें से 5 कश्मीरी पंडित थे। उन्होंने यह भी कहा था कि जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा में काफी सुधार हुआ है और आतंकवादी हमलों में भी कमी आई है।

आर्टिकल 370 को लेकर भारत को बदनाम करने की साजिश

सरकार के बड़े फैसले के बाद से ही पाकिस्तान की बौखलाहट छिप नहीं रही है। पहले तो उसने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इस मुद्दे को उठाकर भारत को बदनाम करने की कोशिश की। वहां कामयाबी हाथ नहीं लगी तो अब 5 अगस्त को पाकिस्तान ने यौम-ए-इस्तेहसाल मनाने का ऐलान किया है। पाकिस्तान जम्मू-कश्मीर के लोगों को इस तरह के प्रोपगैंडा करके भड़काना चाहता है। वहीं पाकिस्तान के लोग जो दूसरे देशों में बैठे हैं, चिट्ठियां लिखकर वीडियो सर्कुलेट करके और टूल किट का इस्तेमाल करके अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान खींचने में लगे हैं।


यूयू ललित होंगे देश के अगले चीफ जस्टिस, CJI एन.वी रमना ने केंद्र सरकार से की सिफारिश

भारत के चीफ जस्टिस एनवी रमना इसी साल 26 अगस्त को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। चीफ जस्टिस ए बी रमन्ना ने आज नए CJI के लिए अपने उतराधिकारी के रूप में जस्टिस उदय उमेश ललित के नाम की सिफारिश की। जस्टिस उदय उमेश ललित (JUSTICE UU LALIT) जस्टिस यूयू ललित इस समय सर्वोच्च न्यायालय के दूसरे सबसे वरिष्ठतम न्यायाधीश हैं। चीफ जस्टिस एनवी रमन्ना ने अपने उत्तराधिकारी के रूप में जस्टिस यू ललित के नाम की सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी है।



नई दिल्लीः भारत के चीफ जस्टिस एनवी रमना इसी साल 26 अगस्त को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। चीफ जस्टिस ए बी रमन्ना ने आज नए CJI के लिए अपने उतराधिकारी के रूप में जस्टिस उदय उमेश ललित के नाम की सिफारिश की। जस्टिस उदय उमेश ललित (JUSTICE UU LALIT) जस्टिस यूयू ललित इस समय सर्वोच्च न्यायालय के दूसरे सबसे वरिष्ठतम न्यायाधीश हैं। चीफ जस्टिस एनवी रमन्ना ने अपने उत्तराधिकारी के रूप में जस्टिस यू ललित के नाम की सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी है।

चार महीने में भारत के तीन चीफ जस्टिस

जस्टिस यूयू ललित का कार्यकाल तीन महीने का होगा। ललित इसी साल नवंबर में रिटायर हो जाएंगे। बता दें कि अगने चार महीने में भारत के तीन चीफ जस्टिस होंगे। 26 अगस्त को चीफ जस्टिस एन. वी. रमना के रिटायर होने के बाद 27 अगस्त को जस्टिस यूयू ललित चीफ जस्टिस बनेंगे, वहीं यूयू ललित के बाद जस्टिस धनंजय यशवंत चंद्रचूड़ (DY Chandrachud) भारत के चीफ जस्टिस बनेंगे।


नेशनल हेराल्ड केस में छापेमारी के दौरान ED ने जब्त किए कई दस्तावेज, कर्मचारियों का बयान किया रिकॉर्ड

सूत्रों के अनुसार मंगलवार को ईडी के अधिकारियों ने नेशनल हेराल्ड मामले के सिलसिले में छापेमारी के दौरान कुछ आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए हैं। केंद्रीय एजेंसी ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत राष्ट्रीय राजधानी में हेराल्ड हाउस, नेशनल हेराल्ड अखबार के प्रधान कार्यालय और 11 अन्य स्थानों पर छापे मारे। इसका उद्देश्य धन के निशान के संबंध में अतिरिक्त सबूत इकट्ठा करना था और वे उन संस्थाओं के खिलाफ हैं जो नेशनल हेराल्ड से जुड़े लेनदेन में शामिल थे।



नई दिल्लीः सूत्रों के अनुसार मंगलवार को ईडी के अधिकारियों ने नेशनल हेराल्ड मामले के सिलसिले में छापेमारी के दौरान कुछ आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए हैं। केंद्रीय एजेंसी ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत राष्ट्रीय राजधानी में हेराल्ड हाउस, नेशनल हेराल्ड अखबार के प्रधान कार्यालय और 11 अन्य स्थानों पर छापे मारे। इसका उद्देश्य धन के निशान के संबंध में अतिरिक्त सबूत इकट्ठा करना था और वे उन संस्थाओं के खिलाफ हैं जो नेशनल हेराल्ड से जुड़े लेनदेन में शामिल थे।

सूत्रों के मुताबिक, नेशनल हेराल्ड के कुछ कर्मचारियों के बयान भी दर्ज किए गए। इसके अलावा, डिजिटल उपकरण भी जब्त किए गए। इसके अलावा, इस मामले में शामिल कोलकाता की एक मुखौटा कंपनी का स्थान भी छापेमारी के बीच बरामद किया गया था। इस बीच बहादुर शाह जफर मार्ग स्थित हेराल्ड हाउस के बाहर कांग्रेस के कई कार्यकर्ता 'ईडी हाय, हाय' के नारे लगाने लगे। हाथों में तख्तियां थीं जिन पर लिखा था 'नेशनल हेराल्ड केस तो बस एक बनाना है, मोदी सरकार की उलटों को छिपाना है। 

ईडी ने सोनिया और राहुल गांधी से की पूछताछ

2013 में, भाजपा के राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने एक निजी आपराधिक शिकायत दर्ज की, जिसमें उन्होंने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और अन्य पर धोखाधड़ी और धन के दुरुपयोग की साजिश रचने का आरोप लगाया। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर प्रकाश डाला कि यंग इंडियन प्रा लिमिटेड ने 90.25 करोड़ रुपये की वसूली का अधिकार प्राप्त करने के लिए केवल 50 लाख रुपये का भुगतान किया, जो एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) पर कांग्रेस का बकाया था। 19 दिसंबर, 2015 को, सोनिया गांधी और राहुल गांधी को 50,000 रुपये के निजी मुचलके और एक जमानत देने पर जमानत मिल गई, जब अदालत ने इस आशंका को खारिज कर दिया कि वे देश से भाग जाएंगे।दिल्ली की एक निचली अदालत द्वारा यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ आयकर जांच का संज्ञान लेने के बाद ईडी ने पीएमएलए के तहत मामला दर्ज किया। 2015 में, आईटी विभाग की जांच शाखा ने राहुल गांधी सहित कुछ व्यक्तियों के खिलाफ एक विस्तृत टैक्स चोरी याचिका पेश की। राहुल गांधी से भी 5 दिनों में 54 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की गई।


मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बढ़ सकती हैं संजय राऊत की मुश्किलें, दो और जगह ED की छापेमारी जारी

मुंबई के पात्रा चॉल जमीन घोटाले में ईडी की टीम दो और जगहों पर छापेमारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक प्रवर्तन निदेशालय की टीम को दो जगहों पर कुछ सुराग मिलने की उम्मीद है, इसलिए वह छापामारी के लिए रवाना हो चुकी है।


नई दिल्लीः मुंबई के पात्रा चॉल जमीन घोटाले में ईडी की टीम दो और जगहों पर छापेमारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक प्रवर्तन निदेशालय की टीम को दो जगहों पर कुछ सुराग मिलने की उम्मीद है, इसलिए वह छापामारी के लिए रवाना हो चुकी है। 

वहीं, इस मामले की निष्पक्ष जांच के लिए कुछ और लोगों को भी समन भेजा गया है। बताया जा रहा है कि जल्द ही कुछ और लोगों को पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है। बता दें कि धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) कोर्ट ने इस मामले को लेकर संजय राउत को चार अगस्त तक ईडी की हिरासत में भेज दिया है।

आपको बता दें कि ईडी ने 60 वर्षीय शिवसेना सांसद को रविवार 31 जुलाई को देर रात गिरफ्तार किया था। संजय राउत को इस मामले को लेकर करीब 6 घंटे तक पूछताछ करने के बाद गिरफ्तार किया गया था।

उद्धव ठाकरे ने किया राउत का समर्थन

मुसीबत की इस घड़ी में संजय राऊत के साथ शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे उनके साथ खड़े हैं। ठाकरे ने रावत का बचाव करते हुए कहा कि उन्हें साजिश के तहत फसाया जा रहा है। लेकिन वह बाला साहब ठाकरे के सच्चे शिवसैनिक है वह झुकेंगे नहीं क्योंकि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। आपको बता दें कि, संजय राउत के गिरफ्तारी के बाद उद्धव ठाकरे उनके घर भी गए थे जहां उन्होंने उनकी मां और पत्नी से मिलकर उन्हें न्याय का भरोसा दिलाया।


नेशनल हेराल्ड मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ED की बड़ी कार्रवाई, दिल्ली में कांग्रेस के कई जगहों पर छापेमारी

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित नेशनल हेराल्ड मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आज दिल्ली और अन्य स्थानों पर छापेमारी की। टीम ने दिल्ली स्थित National Herald के दफ्तर पर छापेमारी की है। ऐसा कहा जा रहा है कि ईडी के आफिस में छानबीन जारी है। ईडी ने नेशनल हेराल्ड मामले में हाल ही में कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी को पूछताछ के लिए बुलाया था। ईडी ने नेशनल हेराल्ड मामले में हाल ही में सोनिया गांधी से पूछताछ की थी।



नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित नेशनल हेराल्ड मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आज दिल्ली और अन्य स्थानों पर छापेमारी की। टीम ने दिल्ली स्थित National Herald के दफ्तर पर छापेमारी की है। ऐसा कहा जा रहा है कि ईडी के आफिस में छानबीन जारी है। ईडी ने नेशनल हेराल्ड मामले में हाल ही में कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी को पूछताछ के लिए बुलाया था। ईडी ने नेशनल हेराल्ड मामले में हाल ही में सोनिया गांधी से पूछताछ की थी। इतना ही नहीं इससे पहले राहुल गांधी से भी मामले में पूछताछ हो चुकी है। इसको लेकर कांग्रेस ने ईडी कार्रवाई के विरुद्ध देशभर में सत्याग्रह चलाया था।

नेशनल हेराल्ड मामले में आरोप है कि नेशनल हेराल्ड, AJL (एसोसिएटिड जर्नल लिमिटिड) और यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटिड के बीच वित्तीय गड़बड़ियां हुईं हैं। नेशनल हेराल्ड एक अखबार था, जिसे जवाहर लाल नेहरू ने 500 स्वतंत्रता सेनानियों के साथ मिलकर आरंभ किया था। इसमें ब्रिटिश के अत्याचारों के बारे में लिखा जाता था।

वहीं Associated Journals Limited एक पब्लिशर की भूमिका में था। इसका जन्म 20 नवंबर 1937 को हुआ। उस समय ये तीन अखबारों को प्रकाशित करता था। इसमें नेशनल हेराल्ड (इंग्लिश), नवजीवन (हिंदी) एंड क़ौमी आवाज़ (उर्दू) शामिल था। 1960 में AJL को वित्तीय समस्या का सामना करना पड़ा। इसपर कांग्रेस पार्टी मदद के लिए आगे आई और AJL को बिना ब्याज वाला लोन दिया। अप्रैल 2008 में AJL ने अखबरों के प्रकाशन को रोक दिया। इसके बाद 2010 में पता चला कि AJL को कांग्रेस पार्टी का 90.21 करोड़ रुपये का कर्ज चुकना है।

इस दौरान 2010 में 23 नवंबर को 'यंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड' के नाम से एक नई कंपनी बनाई जाती है. इसके दो पार्टनर थे। पहला सुमन दुबे और दूसरे सैम पित्रोदा। इस कंपनी गैर लाभकारी कंपनी बताकर पंजीकृत कराया गया था। इसके बाद अगले माह दिसंबर की 13 तारीख को राहुल गांधी इस कंपनी के डायरेक्टर बने। इसके बाद AICC ने AJL के सभी कर्ज को यंग इंडियन को ट्रांसफर करने पर सहमति जताई।


2024 चुनाव में पीएम मोदी लेंगे संन्यास! कौन होगा बीजेपी का प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार, अमित शाह ने पटना की बैठक में किया क्लियर

पटना में भारतीय जनता पार्टी के विभिन्न मोर्चों की दो दिवसीय संयुक्त राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि, 2024 लोकसभा चुनाव बीजेपी और जेडीयू एक साथ मिलकर लड़ेंगे। प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवारों की चर्चा अक्सर होती रहती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की राजनीति से सन्यास लेने और नए चेहरे को उम्मीदवार बनाने की अटकलें अक्सर राजनीतिक दुनिया में चलती रहती है।



नई दिल्लीः पटना में भारतीय जनता पार्टी के विभिन्न मोर्चों की दो दिवसीय संयुक्त राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि, 2024 लोकसभा चुनाव बीजेपी और जेडीयू एक साथ मिलकर लड़ेंगे। प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवारों की चर्चा अक्सर होती रहती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की राजनीति से सन्यास लेने और नए चेहरे को उम्मीदवार बनाने की अटकलें अक्सर राजनीतिक दुनिया में चलती रहती है। इस बैठक में अमित शाह ने 2024 लोकसभा चुनाव के लिए प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवारों की अटकलों को खत्म करते हुए यह क्लियर किया कि 2024 में भी लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही एनडीए के उम्मीदवार होंगे। 

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने रविवार को पटना में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की विभिन्न मोर्चे की दो दिवसीय संयुक्त राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक के समापन सत्र की अध्यक्षता की. बैठक को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा, बीजेपी-जेडीयू 2024 (BJP JDU Alliance) में एक साथ चुनाव लड़ेंगे, नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) बीजेपी के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार होंगे. 2024 के लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election) के लिए प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवारों की चर्चा हमेशा सुर्खियों में रहती है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीति से संन्यास लेने और नए चेहरों को उम्मीदवार बनाने की अटकलें अक्सर लगती रहती हैं. 

2024 के चुनावों की तैयारी शुरू कर दें

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बीजेपी कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे 2024 के लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक और जीत हासिल करने की दिशा में प्रयास करें। यह जानकारी पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने दी।

पटना में आयोजित बीजेपी के सभी सात मोर्चों की पहली संयुक्त राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक के समापन सत्र को संबोधित करते हुए शाह ने कार्यकर्ताओं से कहा कि वे बूथ स्तर पर दलितों, आदिवासियों और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) जैसे कमजोर वर्गों के लिए मोदी के राजनीतिक समर्थन को लेकर जन जागरूकता बढ़ाएं।

बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘शाह ने कार्यकर्ताओं से अमृत महोत्सव (स्वतंत्रता के 75 साल) के मद्देनजर देशभक्ति की भावना फैलाने के लिए नौ से 12 अगस्त तक चार दिन समर्पित करने के लिए कहा।’’

सिंह ने कहा, ‘‘पार्टी कार्यकर्ताओं से यह भी कहा गया है कि वे 2024 के चुनावों की तैयारी शुरू कर दें और प्रधानमंत्री मोदी की लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी सुनिश्चित करें। उन्हें पिछली बार की तुलना में अधिक सीटें जीतने का लक्ष्य दिया गया है।’’


पात्रा चॉल घोटाला: ईडी ने संजय राउत को हिरासत में लिया

ED detains Shiv Sena leader Sanjay Raut in land scam case in Mumbai raids at his residence

by News9India desk

ईडी ने संजय राउत को हिरासत में ले लिया है. सुबह 7 बजे से ही ईडी की टीम छापेमारी कर रही थी. बताया जा रहा है कि ईडी की टीम संजय राउत को लेकर दफ्तर ले जाएगी और वहां पूछताछ होगी. ईडी तीन जगहों पर आज छापेमारी कर रही थी और दस्तावेज खंगाल रही थी.


इस मामले में ईडी ने संजय राउत को समन भेजा था लेकिन वह पेश नहीं हुआ थे. मामला 1034 करोड़ के पात्रा चॉल लैंड स्कैम से जुड़ा है. संजय राउत ने संसद के मानसून सत्र का हवाला देते हुए पूछताछ के लिए पेश होने से इनकार कर दिया था. उन्होंने यह भी कहा था कि अगर हिम्मत है तो एजेंसी उन्हें गिरफ्तार कर ले.

सुबह संजय राउत ने भी ट्वीट कर कहा था, झूठी कार्रवाई, झूठा सबूत, मैं शिवसेनानहीं छोड़ूंगा, मैं मर भी जाऊं तो सरेंडर नहीं करूंगा, जय महाराष्ट्र, महाराष्ट्र और शिवसेना की लड़ाई जारी है.


मीराबाई चानू ने फिर रचा इतिहास, कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत को मिला पहला गोल्ड

महिलाओं के वेटलिफ्टिंग में भारत की मीराबाई चानू ने एक बार फिर कमाल कर दिखाया है, उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में देश को इस साल का पहला गोल्ड मेडल दिलाया। मीराबाई चानू ने कुल 201 किलो का वजन उठाया। क्लीन एंड जर्क के पहले राउंड में उन्होंने 109 किलो भार उठाया। इसके साथ ही उन्होंने गोल्ड मेडल जीत लिया। बर्मिंघम 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का यह पहला गोल्ड और कुल तीसरा मेडल है। इससे पहले भारत को संकेत सरगर ने सिल्वर और गुरुराजा पुजारी ने ब्रॉन्ज मेडल जीता।




नई दिल्लीः महिलाओं के वेटलिफ्टिंग में भारत की मीराबाई चानू ने एक बार फिर कमाल कर दिखाया है, उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में देश को इस साल का पहला गोल्ड मेडल दिलाया। मीराबाई चानू ने कुल 201 किलो का वजन उठाया। क्लीन एंड जर्क के पहले राउंड में उन्होंने 109 किलो भार उठाया। इसके साथ ही उन्होंने गोल्ड मेडल जीत लिया। बर्मिंघम 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का यह पहला गोल्ड और कुल तीसरा मेडल है। इससे पहले भारत को संकेत सरगर ने सिल्वर और गुरुराजा पुजारी ने ब्रॉन्ज मेडल जीता।

इस प्रतियोगिता में भारत ने जहां गोल्ड मेडल पर कब्जा किया। वहीं सिल्वर मेडल मॉरिशस और ब्रॉन्ज मेडल कनाडा के नाम हुआ। बता दें कि कॉमनवेल्थ गेम्स में मीराबाई चानू का यह दूसरा गोल्ड है। इससे पहले उन्होंने गोल्ड कोस्ट (2018) में भी सोना जीता था। मीराबाई ने स्नैच राउंड में पहले प्रयास में 84 किग्रा भार उठाया। उन्होंने पहले प्रयास में ही आठ किलो की बढ़त बनाई। वहीं मीराबाई ने दूसरे प्रयास में 88 किलो का भार उठाया। इसके साथ ही उन्होंने अपने नेशनल रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। दूसरे ही राउंड में मीराबाई ने गोल्ड मेडल पक्का कर लिया था।


DHFL बैंक फ्रॉड में CBI की बड़ी कार्रवाई, बिल्डर अविनाश भोसले के घर से ग्रैंड न्यू अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर जब्त

देश के 17 बड़े बैंकों के एक समूह से 34 हजार करोड़ रुपए का ठगने के मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो ने आज एक अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर जब्त किया है। जानकारी के अनुसार यह हेलीकॉप्टर एक दूसरे मामले में आरोपी अविनाश भोसले के घर से जब्त किया गया है। आपको बता दें कि, इस मामले में सीबीआई लगातार चीजें जब्त करने की कार्रवाई कर रही है और अब तक एजेंसी ने कई कीमती पेंटिंग्स, मूर्तियां, हीरे, किमती रत्न आदि जब्त किए हैं।





नई दिल्लीः देश के 17 बड़े बैंकों के एक समूह से 34 हजार करोड़ रुपए का ठगने के मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो ने आज एक अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर जब्त किया है। जानकारी के अनुसार यह हेलीकॉप्टर एक दूसरे मामले में आरोपी अविनाश भोसले के घर से जब्त किया गया है। आपको बता दें कि, इस मामले में सीबीआई लगातार चीजें जब्त करने की कार्रवाई कर रही है और अब तक एजेंसी ने कई कीमती पेंटिंग्स, मूर्तियां, हीरे, किमती रत्न आदि जब्त किए हैं। 

सीबीआई सूत्रों के मुताबिक इस बड़े बैंक घोटाले मामले में सीबीआई लगातार घोटाले की रकम को भी तलाश कर रही है। सीबीआई को जांच के दौरान पता चला है कि घोटाले की रकम के जरिए कई कीमती पेंटिंग्स, हीरे जवाहरात, जमीन व अन्य कीमती सामान चीजें ख़रीदीं गई हैं। जांच के दौरान सीबीआई को पता चला कि इस घोटाले के पैसे से एक हेलीकॉप्टर भी खरीदा गया था। जिसके बाद सीबीआई को शक हुआ कि इस घोटाले के मुख्य आरोपी वाधवा बंधुओं के करीबी माने जाने वाले अविनाश भोसले के पास यह हेलीकॉप्टर हो सकता है। 

 वधावन बंधुओं का बेहद करीबी हैं अविनाश 

सीबीआई सूत्रों के मुताबिक अविनाश भोसले वधावन बंधुओं का बेहद करीबी है। वह इस समय यस बैंक घोटाले में गिरफ्तार है. ये घोटाला 4727 करोड़ रुपये का था। सूत्रों का दावा है कि इस हेलीकॉप्टर को इस घोटाले की रकम से खरीदने के शक में सीबीआई ने आज यह हेलीकॉप्टर जब्त कर लिया। बता दें कि, 34 हजार करोड़ रुपये के इस घोटाले मामले में सीबीआई वधावन बंधुओं को गिरफ्तार कर चुकी है, जो इस समय सीबीआई की रिमांड पर हैं। सीबीआई इस मामले में अब तक करोड़ों रुपये की पेंटिंग्स, कीमती मूर्तियां, जेवरात आदि जब्त कर चुकी है। अब हेलीकॉप्टर जब्त किया गया है।

 हेलीकॉप्टर  की मिली थी जानकारी

सीबीआई सूत्रों के मुताबिक इस मामले में जो आरंभिक जांच की गई इस बाबत पता चला कि अविनाश भोसले के पुणे स्थित घर पर एक हेलीकॉप्टर मौजूद है। जांच के दौरान पता चला कि घोटाले का पैसा सीधा न लगाकर कुछ अन्य कंपनियों के सहयोग से यानी उसमें लेयरिंग करके इधर-उधर किया गया था। इसी जांच के दौरान कुछ कंपनियों के नाम सामने आए और यह भी पता चला कि इन कंपनियों में भी अविनाश भोसले और कथित रूप से वधावन बंधुओं का लेन देन है। सीबीआई को शक हुआ कि वहां मौजूद एक अगस्तावेस्टलैंड हेलीकॉप्टर AW 109 SP ग्रैंड न्यू हेलीकॉप्टर इन लोगों के पास है। ये भी पता चला कि हेलीकॉप्टर को कथित तौर पर साल 2011 में खरीदा गया था। सीबीआई के दावे के मुताबिक हेलीकॉप्टर में अविनाश भोसले की भी कथित रूप से हिस्सेदारी है।


देश में हुई हिंसक घटनाओं पर बोले NSA अजीत डोभाल,'चंद लोग भारत का माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं'

राजधानी दिल्ली में आज ऑल इंडिया सूफी सज्जादानशीन काउंसिल ने इंटरफेथ कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। आयोजन में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल भी शामिल हुए और इस मौके पर उन्होंने देश का माहौल बिगाड़ने वाले लोगों को कड़ा संदेश दिया। एनएसए अजीत डोभाल ने कहा कि हम सब (भारतीय) एक जहाज में हैं, डूबेंगे साथ में और पार भी साथ ही होंगे। अजीत डोभाल ने कहा, ''हर भारतीय के मन में विश्वास करे कि वो यहां महफूज है और किसी पर भी बात आएगी तो सारे उसके लिए खड़े हो जाएंगे। हम सब एक जहाज में हैं। डूबेंगे साथ में और बेड़ा पार होगा साथ में।''




नई दिल्लीः देश में हाल में हुई उदयपुर हत्याकांड जैसे बर्बर वारदातों और आतंकी गतिविधियों की निंदा करने और देश को सद्भाव का संदेश देने के लिए राजधानी दिल्ली में आज ऑल इंडिया सूफी सज्जादानशीन काउंसिल ने इंटरफेथ कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। आयोजन में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल भी शामिल हुए और इस मौके पर उन्होंने देश का माहौल बिगाड़ने वाले लोगों को कड़ा संदेश दिया। एनएसए अजीत डोभाल ने कहा कि हम सब (भारतीय) एक जहाज में हैं, डूबेंगे साथ में और पार भी साथ ही होंगे। अजीत डोभाल ने कहा, ''हर भारतीय के मन में विश्वास करे कि वो यहां महफूज है और किसी पर भी बात आएगी तो सारे उसके लिए खड़े हो जाएंगे। हम सब एक जहाज में हैं। डूबेंगे साथ में और बेड़ा पार होगा साथ में।'' 


एनएसए ने आगे कहा कि दुनिया में कॉन्फ्लिक्ट का माहौल है अगर इससे निपटना है तो अपने देश में हमें एक रहना होगा। देश की तरक्की से सबको फायदा होगा। उन्होंने कहा, ''चंद लोग भारत का महौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं, वे देश में धर्म और विचारधारा के नाम पर नफरत और संघर्ष पैदा कर रहे हैं, वे देश के बाहर भी फैले हुए और देश को अपनी गंदी मानसिकता से प्रभावित कर रहे हैं। हमें मूकदर्शक बने रहने के बजाय अपनी आवाज को एक साथ मजबूत करना है, हमें साथ-साथ अपने मतभेदों पर जमीनी स्तर पर काम करना होगा। हमें भारत के हर संप्रदाय को यह महसूस कराना है कि हम एक साथ एक देश हैं, हमें इस पर गर्व है और यहां हर धर्म को स्वतंत्रता के साथ माना जा सकता है।''

एनएसए अजीत डोभाल ने कहा कि आयोजन में अलग-अलग जगहों के धर्म गुरु आए हैं। मैं शुक्रगुजार हूं कि सूफी काउंसिल का, जिसने मुझे यहां बुलाया, बोलने का मौका दिया है, कल पता चला तो मैंने कहा कि यह बहुत अच्छी शुरुवात है। अगर हमें इसका मुकाबला करना है तो जमीन पर काम करना होगा, कोई गलतफमी है तो दूर करनी होगी, घर-घर पैगाम ले जाना होगा कि मुल्क हर धर्म के लिए है और इस देश की तरकी में सबका योगदान है।'' उन्होंने कहा कि अब इस माहौल को सही करने की जिम्मेदारी सबकी है, इसके लिए नीयत और काबलियत की जरूरत है, नीयत सबके पास है लेकिन काबलियत सबमें नहीं लेकिन आप लोगो में है। इसलिए आपकी जिम्मेदारी बड़ी है। हम आज की लड़ाई आज के लिए और कल के लिए लड़ रहे हैं।

एनएसए ने आगे कहा कि, ''आप सबके कई मुरीद है लेकिन आपको मिलकर काम करना चाहिए, संगठन की शक्ति चाहिए। सभी धर्म के गुरु हैं। हम किसी को भी, देश की अखंडता को कुछ नहीं होने देंगे। देश पिछड़ेगा तो हम सब पिछड़ेंगे। गलतफहमियो को दूर करना होगा। हम आज की लड़ाई अपने लिए कम और आने वाली नस्लों के लिए ज्यादा लड़ रहे हैं। देश में भावना पैदा की जाए कि हम किसी को भी देश की एकता के साथ समझौता नहीं करने देंगे।''

दीवान अजमेर शरीफ ने की कट्टर संगठनों को बैन करने की मांग

इस मौके पर दीवान अजमेर शरीफ हजरत सैयद नसीरुद्दीन चिश्ती ने एनएसए अजीत डोभाल की मौजूदगी में कहा, ''जब कोई घटना होती है तो हम निंदा करते हैं। अब कुछ करने का समय आ गया है। कट्टरपंथी संगठनों पर लगाम लगाना और उन पर प्रतिबंध लगाना समय की मांग है। अगर उनके खिलाफ सबूत हैं तो उन्हें बैन किया जाना चाहिए।''


कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के नाम 2 और मेडल, वेटलिफ्टर गुरुराजा पुजारी व संकेत महादेव ने रचा इतिहास

वेटलिफ्टर गुरुराजा पुजारी ने बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 में भारत को दूसरा मेडल दिला दिया है। पुजारी ने 61 किलोग्राम के इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा जमाया। उन्होंने कुल 269 किलोग्राम भार उठाया। गुरुराजा ने क्लीन एंड जर्क में अपने दूसरे प्रयास में 148 किलोग्राम भार उठाया। उन्होंने इसके बाद अपने तीसरे प्रयास में 151 kg उठाकर मेडल पर कब्जा किया। पुजारी से पहले पहले वेटलिफ्टर संकेत महादेव सरगर ने मेंस 55 किलो भारोत्तोलन स्पर्धा में भारत की झोली में रजत पदक डाला है।



नई दिल्लीः वेटलिफ्टर गुरुराजा पुजारी ने बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 में भारत को दूसरा मेडल दिला दिया है। पुजारी ने 61 किलोग्राम के इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा जमाया। उन्होंने कुल 269 किलोग्राम भार उठाया। गुरुराजा ने क्लीन एंड जर्क में अपने दूसरे प्रयास में 148 किलोग्राम भार उठाया। उन्होंने इसके बाद अपने तीसरे प्रयास में 151 kg उठाकर मेडल पर कब्जा किया। पुजारी से पहले पहले वेटलिफ्टर संकेत महादेव सरगर ने मेंस 55 किलो भारोत्तोलन स्पर्धा में भारत की झोली में रजत पदक डाला है।

पुजारी के अलावा मलेशिया के अजनिल बिन ने 285 किग्रा भार के साथ गेम्स रिकॉर्ड बनाकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। वहीं, पापुआ न्यू गिनी के मोरिया बारू ने 273 किग्रा का भार उठाया और सिल्वर मेडल हासिल किया।

पुजारी ने स्नैच के अपने दूसरे अटेंप्ट में 118 किलो ग्राम वर्ग का लिफ्ट किया। उन्होंने इसके बाद इसमें दो किलो और वजन बढ़ाकर 120 किलोग्राम उठाने का फैसला किया लेकिन वह तीसरी बार सफल लिफ्ट नहीं कर सके। स्नैच में उनका स्कोर 118 किलो ग्राम रहेगा। मलेशिया के अजनिल बिन ने 127 किलोग्राम का भार उठाकर नया कॉमनवेल्थ रिकॉर्ड कायम किया।


असम में अलकायदा से जुड़े अंसारुल इस्लाम संगठन के 12 जिहादी गिरफ्तार, मदरसे से ऑपरेट हो रही थीं आतंकी साजिशें





नई दिल्लीः असम के दो जिलों से बांग्लादेश स्थित आतंकवादी संगठन अंसारुल इस्लाम से जुड़े 12 जिहादियों को असम पुलिस ने गिरफ्तार किया गया है। मोरीगांव जिले से भी सात लोगों को इसी संगठन के लिंकमैन होने के संदेह में पकड़ा गया था। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि राज्य में राष्ट्रीय स्तर पर शामिल अभियान में दो बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया गया है। एसपी अमिताभ सिन्हा ने बताया कि 12 संदिग्ध जिहादियों में से 10 को बारपेटा जिले के जानिया इलाके से गिरफ्तार किया गया, जबकि एक को गुवाहाटी से हिरासत में गिरफ्तार किया गया। 

मोरीगांव जिला पुलिस प्रमुख अपर्णा नटर्जन ने कहा कि मोइराबाड़ी थाने के सोरुचोला गांव में एक निजी मदरसा चलाने वाले एक अन्य व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया गया और उस पर गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) लगाया गया है। गिरफ्तार किया गया मुफ्ती मुस्तफा अंसारुल इस्लाम से जुड़े फाइनेंसियल ट्रांजिक्शन और राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में भी शामिल था। यह संगठन भारतीय उपमहाद्वीप के एक बड़े आतंकी संगठन अल-कायदा से जुड़ा है। सात अन्य लोग, जिन्हें पुलिस ने अंसारुल इस्लाम से जुड़े होने के संदेह में गिरफ्तार किया था, यह सभी एक गांव के रहने वाले हैं। बताया जा रहा है कि ये सभी एक मदरसे के शिक्षक हैं।

मदरसे से ऑपरेट हो रही थी आतंकी गतिविधियां

2019 के बाद से मुस्तफा ने अंसारुल इस्लाम के कार्यकर्ताओं अमीरुद्दीन अंसारी और मामून राशिद के साथ कई वित्तीय लेनदेन किए थे, जिन्हें कुछ महीने पहले क्रमशः कोलकाता और बारपेटा में गिरफ्तार किया गया था। मुस्तफा के बैंक खातों को जब्त कर लिया गया है और उनका विश्लेषण किया जा रहा है। नटराजन ने कहा, जांच के दौरान यह भी पता चला है कि उसने मदरसे में एक विदेशी 'वांछित व्यक्ति' को भी शरण दी थी, जो भागने में कामयाब हो गया था। 

मदरसे बने आतंक का गढ़

मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने मीडिया को बताया कि यह एक 'राष्ट्रीय स्तर पर ज्वाइंट ऑपरेशन था, जिसमें राज्य में दो बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ कट्टरपंथी बांग्लादेश को अस्थिर करने के लिए एक्टिव हैं। इनसे बॉर्डर से सटे असम को नुकसान का सामना करना पड़ता है। हालांकि, हम उन्हें पकड़ने और मॉड्यूल को नष्ट करने के लिए हम सतर्क हैं। सरमा ने कहा कि दो दिन पहले असम के एक युवक को बेंगलुरु में गिरफ्तार किया गया था, जबकि संगठन से जुड़े एक अन्य व्यक्ति को बुधवार को राज्य के बोंगाईगांव से पकड़ा गया था।

उन्होंने कहा कि जिस मदरसे से मुस्तफा को गिरफ्तार किया गया था, वह निजी है। इसे बंद कर दिया गया है, उन्होंने कहा कि इसके छात्रों को सरकारी स्कूलों में प्रवेश दिया जाएगा। असम में कुछ समय पहले सभी सरकारी मदरसों को बंद कर दिया गया है। यह बारपेटा में था, जहां अंसारुल इस्लाम के पांच कथित सदस्यों, जिन्हें पहले अंसारुल बांग्ला टीम कहा जाता था, को मार्च में गिरफ्तार किया गया था। तब से इससे जुड़े 30 से अधिक लोगों को पकड़ा गया है। पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंत ने मार्च में कहा था कि वे ब्लॉगर्स, कलाकारों, कवियों और उन लोगों की हत्या में शामिल थे, जो कट्टरवाद में शामिल नहीं होते थे।


32 साल में पहली देश ने ग्रीको रोमन U 17 World Championship में जीता गोल्ड, सूरज वशिष्ठ बने चैंपियन

रोम में खेली गई अंडर-17 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में भारत के सूरज वशिष्ठ ने गोल्ड मेडल जीतकर नया इतिहास रच दिया है। 16 वर्षीय सूरज ग्रीको रोमन प्रतियोगिता में भाग ले रहे थे और इस प्रतियोगिता में भारत को 32 साल बाद बाद गोल्ड मेडल मिला है। 16 वर्षीय सूरज हरियाणा के रोहतक से आते हैं। उनकी इस जीत पर देश के नामी पहलवान बजरंग पूनिया ने भी बधाई दी है।



नई दिल्लीः रोम में खेली गई अंडर-17 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में भारत के सूरज वशिष्ठ ने गोल्ड मेडल जीतकर नया इतिहास रच दिया है। 16 वर्षीय सूरज ग्रीको रोमन प्रतियोगिता में भाग ले रहे थे और इस प्रतियोगिता में भारत को 32 साल बाद बाद गोल्ड मेडल मिला है। 16 वर्षीय सूरज हरियाणा के रोहतक से आते हैं। उनकी इस जीत पर देश के नामी पहलवान बजरंग पूनिया ने भी बधाई दी है।

सूरज ने यह पदक 55 किलो भार वर्ग में जीता है। फाइनल में उन्होंने यूरोपियन चैंपियन अजरबेजान के फरएम मुस्तफायेव को 11-0 से शिकस्त देकर यह मेडल अपने नाम किया। सूरज के अलावा इस प्रतियोगिता के अलग-अलग वर्गों में भारत के 5 और रेस्लर फाइनल में पहुंचे थे लेकिन जीत हासिल नहीं कर पाए।

उनकी इस उपलब्धि पर देश के स्टार पहलवान बजरंग पूनिया ने भी खुशी जताई है। बजरंग ने अपने टि्वटर पर लिखा, 'सूरज ने रचा इतिहास। 32 साल बाद देश को दिलाया U17 विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक। बहुत-बहुत बधाई छोटे भाई आपको और ऐसे ही आगे बढ़ते रहो और देश के लिए मेडल जीतें रहो। जय हिन्द।'

सूरज से पहले इस प्रतियोगिता में भारत ने 1990 में गोल्ड मेडल अपने नाम किया था, तब पप्पू यादव ने स्वर्ण पदक भारत की झोली में डाला था। ग्रीको रोम एक खास तरह की रेसलिंग है, जिसमें पहलवान को कमर से ऊपर ही अपने दाव चलने होते हैं। कोई भी पहलवान इस स्पर्धा में अपने प्रतिद्वंद्वी को कमर से नीचे नहीं पकड़ सकता और न ही वे अपने पैरों से अटैक कर सकते हैं न ही डिफेंस। यह एक ऐसा खेल है जिसमे, तेजी, जोश और ताकत का इस्तेमाल होता है और एक खिलाड़ी को लगातार अपने प्रतिद्वंदी पर हावी होना होता है। इस रेसलिंग में कोई रेसलर ब्लॉक, होल्ड, थ्रो और टेकडाउन के तहत अंक बटोरते हैं।


PFI से जुड़े हैं भाजपा नेता प्रवीण के हत्यारों के तार, उन्हीं की दुकान पर काम करते थे आरोपी

दक्षिण कर्नाटका के बेल्लोरे गांव के रहने वाले भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के नेता प्रवीण की मंगलवार शाम हत्या कर दी गई। हत्यारों को पकड़ने के लिए पुलिस ने एडीजीपी लॉ इन ऑर्डर आलोक कुमार की अध्यक्षता में 6 टीमों का गठन किया था। जिसके बाद पुलिस ने हत्या में दो आरोपी जाकिर और शफीक को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में पता लगा कि जाकिर का आतंकी संगठन पीएफआई से भी कनेक्शन है। मारे गए बीजेपी नेता प्रवीण की दुकान पर आरोपी शफीक नौकरी करता था।



नई दिल्लीः दक्षिण कर्नाटका के बेल्लोरे गांव के रहने वाले भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के नेता प्रवीण की मंगलवार शाम हत्या कर दी गई। हत्यारों को पकड़ने के लिए पुलिस ने एडीजीपी लॉ इन ऑर्डर आलोक कुमार की अध्यक्षता में 6 टीमों का गठन किया था। जिसके बाद पुलिस ने हत्या में दो आरोपी जाकिर और शफीक को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में पता लगा कि जाकिर का आतंकी संगठन पीएफआई से भी कनेक्शन है। मारे गए बीजेपी नेता प्रवीण की दुकान पर आरोपी शफीक नौकरी करता था।

 आरोपी की पत्नी ने खुद कबूला की उसके पति सफीक का पीएफआई और एडीपीआई से संबंध है। पकड़े गए दोनों आरोपी जाकिर और शफीक बेल्लारे गांव के ही रहने वाले हैं। शफीक के पिता इब्राहिम भी प्रवीण की दुकान पर कई महीनों तक काम कर चुके हैं। शफीक और प्रवीण एक दूसरे को अच्छी तरह से जानते थे। 

कर्नाटक के एडीजीपी लॉ एंड ऑर्डर आलोक कुमार ने बताया कि अभी तक इस मामले में कुल 21 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनसे पूछताछ जारी है। शफीक और जाकिर को सबूतों के आधार पर गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों आरोपियों के तार पीएफआई से जुड़े मिले हैं। हालंकि, पुलिस ने अभी तक यह नहीं बताया है कि प्रवीण की हत्या क्यों की गई और शफीक और जाकिर का इस हत्या में क्या रोल था। वहीं, पुलिस हत्या की जगह से करीब 70 मीटर दूर लगे एक सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाल रही है, जिसमें आरोपी की तस्वीरें कैद होने की बात सामने आ रही है।

हिंदूवादी संगठनों ने मुस्लिमों की दुकानों में की तोड़फोड़

इस बीच गुरुवार को कई हिंदूवादी संगठनों ने प्रवीण की हत्या और बीजेपी सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इन लोगों ने पीएफआई और एसडीपीआई जैसे संगठनों पर बैन लगाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश की बीजेपी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और हिंदुओं की रक्षा करने में विफल रहने का आरोप लगाया। इसी दौरान आज दक्षिण कन्नड़ जिले के सुल्लीया में कुछ कट्टरपंथी हिंदू कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम दुकानों में जाकर तोड़फोड़ भी की।


सोनिया गांधी से तीसरे दिन की पूछताछ खत्म, ईडी दफ्तर से बाहर निकली कांग्रेस अध्यक्ष

सोनिया गांधी से प्रवर्तन निदेशालय में आज तीसरे दौर की पूछताछ खत्म हो गई है। कल यानी मंगलवार को सोनिया गांधी से कई अहम सवाल पूछे गए थे‌। ईडी के सोनिया गांधी को तीसरी बार बुलाने पर कांग्रेस लगातार जोरदार प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस के कई कार्यकर्ता सड़कों पर ईडी के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं।



नई दिल्लीः सोनिया गांधी से प्रवर्तन निदेशालय में आज तीसरे दौर की पूछताछ खत्म हो गई है। कल यानी मंगलवार को सोनिया गांधी से कई अहम सवाल पूछे गए थे‌। ईडी के सोनिया गांधी को तीसरी बार बुलाने पर कांग्रेस लगातार जोरदार प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस के कई कार्यकर्ता सड़कों पर ईडी के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं। 

सोनिया गांधी से पहले दो बार में करीब 8 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की जा चुकी है इसमें उनसे करीब 65 से 70 सवाल पूछे गए जिसके बाद आज एजेंसियों द्वारा 30-40 और सवाल पूछे जाने के साथ ही पूछताछ खत्म हो गई है। आपको बता दें यह पूछताछ नेशनल हेराल्ड के स्वामित्व वाली यंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में कथित वित्तीय अनियमितताओं के आरोप से जुड़ा है। 

विरोध प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के कई सांसदों को दिल्ली पुलिस ने विजय चौक से हिरासत में लिया है पार्टी के सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि हम लोग आवाज को सांसद में उठाना चाहते हैं जिसे रोक दिया गया है। इसके बाद हम राष्ट्रपति भवन के रुक कर ही रहे थे जहां पुलिस ने हमें हिरासत में ले लिया है।

कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने ईडी द्वारा सोनिया गांधी को बुलाए जाने पर सवाल उठाया है। आजाद ने कहा कि केस एक है, परिवार एक है। अब जब इसी केस में ईडी ने राहुल गांधी जी से घंटों पूछताछ कर ली तो फिर उसी केस में सोनिया गांधी जी को बुलाने की क्या जरूरत है? सोनिया गांधी जी को बार-बार ईडी के दफ्तर बुलाना ठीक नहीं है। कार्रवाई उन्होंने की है, कागजात उनके पास हैं। यह सोनिया गांधी जी की सेहत से खिलावाड़ किया जा रहा है, जो उचित नहीं है।


खादिम के खिलाफ एफआईआर कराने वाले सुप्रीम कोर्ट के वकील विनीत जिंदल को मिली 'सर तन से जुदा' करने की धमकी

सुप्रीम कोर्ट के वकील विनीत जिंदल को 'सर तन से जुदा' करके जान से मारने की धमकी मिली है। वकील के घर के बाहर एक पर्चा मिला है जिस पर लिखा है कि, 'तेरा भी सर तन से जुदा कर देंगे' हालांकि अब तक इस साफ नहीं हुआ है कि धमकी भरा पर्चा किसने रखा है। खत मिलने के बाद विनीत जिंदल ने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी जिसके बाद अब मामले की जांच शुरू हो गई है।




नई दिल्लीः सुप्रीम कोर्ट के वकील विनीत जिंदल को 'सर तन से जुदा' करके जान से मारने की धमकी मिली है। वकील के घर के बाहर एक पर्चा मिला है जिस पर लिखा है कि, 'तेरा भी सर तन से जुदा कर देंगे' हालांकि अब तक इस साफ नहीं हुआ है कि धमकी भरा पर्चा किसने रखा है। खत मिलने के बाद विनीत जिंदल ने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी जिसके बाद अब मामले की जांच शुरू हो गई है। 

गौरतलब है कि अजमेर दरगाह से जुड़े खादिम और अंजुमन कमेटी के सचिव अदील चिश्ती के खिलाफ विनीत जिंदल ने दिल्ली पुलिस को शिकायत दर्ज कराई थी। विनीत जिंदल ने एफ आई आर हिंदू देवी देवताओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के मामले में अदील चिश्ती के खिलाफ लिखवाई थी। 

विदित जिंदल ने धमकी भरे खत की तस्वीरें ट्विटर पर डालते हुए लिखा, 'आज यारियों ने मेरा भी सर तन से जुदा करने की धमकी दी है मेरे घर पर भेजा गया यह खत मेरे और मेरे परिवार की जान को खतरा है। यह बात पहले ही दिल्ली पुलिस मान चुकी है'

सीसीटीवी फुटेज की जांच, पीएसओ तैनात

एडवोकेट विनीत जिंदल का आरोप है कि उन्हें पहले भी देश को विदेशी नंबर उसे जान से मारने की धमकी मिली है। विनीत जिंदल ने पुलिस को बताया कि उनके घर पर लगा सीसीटीवी कैमरा 24 घंटे काम करता है। लेकिन पर चिपकने वाले का चेहरा इस कैमरे में कैद नहीं हो पाया है। पुलिस आसपास लगी और कमरों की तलाशी ले रही है। वहीं पुलिस ने बताया कि दिल्ली पुलिस की तरफ से गिरी जिंदल को पहले ही सिक्योरिटी दी हुई है उन्होंने बताया कि विनीत जिंदल की सुरक्षा के लिए एक पीएससीओ को तैनात किया गया है।


सोनिया गांधी से 6 घंटे पूछताछ के बाद ED ने कल फिर बुलाया, राहुल गांधी हिरासत में

नेशनल हेराल्ड से जुड़े मनी लांड्रिंग केस में आज कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से करीब 6 घंटे या जिन्होंने पूछताछ की। सूत्र के मुताबिक ईडी ने उन्हें कल यानी बुधवार को एक बार फिर पूछताछ के लिए बुलाया है। इससे पहले 21 जुलाई को ईडी 2 घंटे की पूछताछ कर चुकी है।




नई दिल्लीः नेशनल हेराल्ड से जुड़े मनी लांड्रिंग केस में आज कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से करीब 6 घंटे या जिन्होंने पूछताछ की। सूत्र के मुताबिक ईडी ने उन्हें कल यानी बुधवार को एक बार फिर पूछताछ के लिए बुलाया है। इससे पहले 21 जुलाई को ईडी 2 घंटे की पूछताछ कर चुकी है। 

सोनिया गांधी की तबीयत को देखते हुए प्रियंका गांधी को ईडी कार्यालय के अन्य कमरे में रुकने की जगह दी गई ताकि जोर पड़ने पर वह अपनी मां से मिल सके और उन्हें दवाई हुए चिकित्सा सलाह मुहिया करा सकें। फुल याद आंधी बेटी राहुल और बेटी प्रियंका गांधी के साथ सुबह 11:00 बजे दिल्ली में एपीजे अब्दुल कलाम रोड पर विद्युत लाइन में स्थित निधि कार्यालय पहुंची थी। पूछताछ के दौरान आधे घंटे के लिए सोनिया गांधी बाहर निकली इसके बाद कई सारे 3:00 बजे वापस ईडी दफ्तर में पहुंच गई। आपको बता दें कि इस मामले में युद्ध राहुल गांधी से करीब 50 घंटे से अधिक समय पूछताछ कर चुकी है। कांग्रेस पार्टी इसे राजनीतिक द्वेष की भावना से की गई कार्रवाई बता रही है। 

हिरासत में राहुल गांधी

राहुल गांधी और कांग्रेस के कई अन्य सांसदों ने संसद भवन से मार्च निकाला यह सभी राष्ट्रपति भवन की तरफ बढ़ने का प्रयास कर रहे थे लेकिन पुलिस ने इन्हें विजय चौक पर रोक दिया। इसके बाद ही नेताओं ने वहां पर धरना दिया राहुल गांधी जमीन पर बैठ गए जिसके बाद पुलिस ने राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेताओं को हिरासत में ले लिया। जाने से पहले राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि यह मोदी राज है और भारत में तानाशाही चल रही है।


राजनीतिक पार्टियों की मुफ्त वाली योजनाओं पर लगेगी रोक! सुप्रीम कोर्ट ने समाधान खोजने का दिया निर्देश

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को चुनाव के दौरान राजनीतिक दलों को मुफ्त में उपहार देने से रोकने के लिए समाधान खोजने का निर्देश दिया है। शीर्ष अदालत ने मामले को अगली सुनवाई के लिए 3 अगस्त की तारीख निर्धारित की है। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र सरकार से कहा कि वह राजनीतिक दलों के मुद्दे पर वित्त आयोग के साथ बातचीत करे और मुफ्त में खर्च किए गए पैसे को ध्यान में रखकर जांच करे कि क्या इसे विनियमित करने की संभावना है।



नई दिल्लीः सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को चुनाव के दौरान राजनीतिक दलों को मुफ्त में उपहार देने से रोकने के लिए समाधान खोजने का निर्देश दिया है। शीर्ष अदालत ने मामले को अगली सुनवाई के लिए 3 अगस्त की तारीख निर्धारित की है। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र सरकार से कहा कि वह राजनीतिक दलों के मुद्दे पर वित्त आयोग के साथ बातचीत करे और मुफ्त में खर्च किए गए पैसे को ध्यान में रखकर जांच करे कि क्या इसे विनियमित करने की संभावना है।

मुख्य न्यायाधीश एन.वी. रमणा की अध्यक्षता वाली और न्यायमूर्ति कृष्ण मुरारी और न्यायमूर्ति हेमा कोहली की पीठ नेकेंद्र सरकार का प्रतिनिधित्व कर रहे अतिरिक्त सालिसिटर जनरल के.एम. नटराज से कहा कि 'कृपया वित्त आयोग से पता करें। इसे अगले सप्ताह किसी समय सूचीबद्ध करेंगे। बहस शुरू करने का अधिकार क्या है।'याचिका पर कोर्ट ने कपिल सिब्बल से पूछा उनके विचार

सुनवाई के दौरान, न्यायमूर्ति रमना ने वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल, जो किसी अन्य मामले के लिए अदालत कक्ष में मौजूद थे, से राजनीतिक दलों द्वारा चुनावों के दौरान घोषित मुफ्त उपहारों पर सवाल उठाने वाली एक जनहित याचिका पर उनके विचार पूछे।

मुख्य न्यायाधीश ने कहा, 'श्री सिब्बल यहां एक वरिष्ठ सांसद के रूप में हैं। आपका क्या विचार है?' सिब्बल ने जवाब दिया कि मुफ्तखोरी एक गंभीर मामला है, लेकिन राजनीतिक रूप से इसे नियंत्रित करना मुश्किल है। वित्त आयोग को विभिन्न राज्यों को धन आवंटन करते समय उनका कर्ज और मुफ्त योजनाओं को ध्यान में रखना चाहिए।

सिब्बल ने कहा, 'केंद्र से निर्देश जारी करने की उम्मीद नहीं की जा सकती है।' उन्होंने कहा कि वित्त आयोग इस मुद्दे की जांच करने के लिए उपयुक्त प्राधिकरण है।केंद्र से पीठ ने पूछा सवाल

चुनाव आयोग के वकील ने सुझाव दिया कि केंद्र सरकार इस मुद्दे से निपटने के लिए एक कानून ला सकती है, हालांकि नटराज ने सुझाव दिया कि यह चुनाव आयोग के क्षेत्र में आता है। इस पर पीठ ने पूछा कि 'केंद्र इस पर एक स्टैंड लेने से क्यों झिझक रहा है?'अश्विनी कुमार उपाध्याय की याचिका पर सुनवाई कर रही थी शीर्ष अदालत

शीर्ष अदालत अधिवक्ता अश्विनी कुमार उपाध्याय की एक जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें चुनाव के दौरान मुफ्त में मतदाताओं को लुभाने के लिए राजनीतिक दलों द्वारा की गई घोषणाओं के खिलाफ याचिका दायर की गई थी।

सुनवाई के दौरान, उपाध्याय ने दलील दी, 'अगर मैं यूपी का नागरिक हूं, तो मुझे यह जानने का अधिकार है कि हमारे ऊपर कितना कर्ज है'। उन्होंने तर्क दिया कि चुनाव आयोग को राज्य और राष्ट्रीय दलों को ऐसे वादे करने से रोकना चाहिए। शीर्ष अदालत ने दलीलें सुनने के बाद मामले की अगली सुनवाई अगले सप्ताह निर्धारित की।

इस साल अप्रैल में, चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि चुनाव से पहले या बाद में मुफ्त योजनाओं की पेशकश करना राजनीतिक दल का एक नीतिगत निर्णय है, और यह राज्य की नीतियों और पार्टियों द्वारा लिए गए निर्णयों को विनियमित नहीं कर सकता है। संविधान के अनुच्छेदों का होता है उल्लंघन


फारूक व अन्य के खिलाफ सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल, 27 को कोर्ट में पेश होने के आदेश

-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (जेकेसीए) मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मंगलवार को सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की गई है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) इस मामले की जांच कर रही है। विशेष कोर्ट ने सभी को 27 अगस्त को तलब किया है।


नई दिल्लीः जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (जेकेसीए) मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मंगलवार को सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की गई है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) इस मामले की जांच कर रही है। विशेष कोर्ट ने सभी को 27 अगस्त को तलब किया है।

ईडी का दावा है कि जेकेसीए के तत्कालीन पदाधिकारी एहसान अहमद मिर्जा ने अन्य आरोपी सलीम खान (पूर्व महा सचिव), मीर मंजूर गजनफर, गुलजार अहमद (पूर्व अकाउंटेंट जेकेसीए), बशीर अहमद मिसगर (जेके बैंक एक्जीक्यूटिव) और डॉ. फारूक अब्दुल्ला के साथ मिलकर जेकेसीए के खाते से 51.90 करोड़ रुपये निकलवा लिए।

विशेष अदालत ने फारूक समेत अन्य आरोपियों को 27 अगस्त को तलब किया है। ईडी ने इसी मामले में फारूक अब्दुल्ला से 31 मई को तीन घंटे पूछताछ की थी। जेकेसीए में वर्ष 2004 से लेकर 2009 के बीच की अवधि में पैसों के गड़बड़झाले की सीबीआई और ईडी जांच कर रहे हैं।

फारूक अब्दुल्ला वर्ष 2001 से लेकर 2012 तक जेकेसीए के अध्यक्ष रहे थे। अब तक की जांच में ईडी की ओर से फारूक अब्दुल्ला की 11.86 करोड़ की अचल संपत्ति समेत कुल 21 करोड़ की संपत्ति को अटैच किया जा चुका है।

ईडी ने जांच में खुलासा किया है कि एहसान अहमद मिर्जा ने जेकेसीए के अन्य पदाधिकारियों की मिलीभगत से 51.90 करोड़ रुपये का अपने व्यक्तिगत हितों और कारोबारी देनदारी चुकाने के लिए इस्तेमाल किया।

ईडी के अनुसार, मिर्जा ने जेकेसीए का पैसा निकलवाकर अध्यक्ष डॉ. फारूक अब्दुल्ला को थमाया। मिर्जा ने अपने घर पर ही जेकेसीए का बही खाता तैयार किया और लेन-देन के रिकॉर्ड को ऑडिटर और जेकेसीए की कार्यकारी समिति से छिपाया।

श्रीनगर के रामबाग मुंशी थाने में दर्ज एफआईआर के आधार पर ईडी ने जांच शुरू की थी। बाद में इस मामले को हाईकोर्ट के निर्देश पर सीबीआई के हवाले कर दिया गया।


लोकसभा के बाद अब राज्यसभा से विपक्ष के 19 सांसदों को किया गया निलंबित, उपसभापति पर हंगामे के बीच फैंका कागज़

कल लोकसभा से कांग्रेस के चार सदस्यों को पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया था। जिसके बाद आज राज्यसभा में विपक्ष के 19 सदस्यों को 1 हफ्ते के लिए निलंबित किया गया है। राज्यसभा के सभी 19 सांसदों को उपसभापति पर पेपर फेंकने और वेल में प्रवेश करके नारेबाजी करने के लिए निलंबित किया गया है।


नई दिल्लीः कल लोकसभा से कांग्रेस के चार सदस्यों को पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया था। जिसके बाद आज राज्यसभा में विपक्ष के 19 सदस्यों को 1 हफ्ते के लिए निलंबित किया गया है। निलंबित सांसदों में मौसम नूर, एल.यादव, वी.शिवादासन, अबीर रंजन बिस्वास, सुष्मिता देव, शांता छेत्री, मोहम्मद अब्दुल्ला, एए रहीम, कानिमोझी, डॉ शांतनु सेन, नदीम उल हक और डोला सेन शामिल हैं। राज्यसभा के सभी 19 सांसदों को उपसभापति पर पेपर फेंकने और वेल में प्रवेश करके नारेबाजी करने के लिए निलंबित किया गया है। 

निलंबित किए गए अन्य सांसद आर वद्दीराजू, एस कल्याणासुंदरम, आर गिररंजन, एनआर इलांगो, एम शणमुगम, दामोदर राव दिवाकोंडा और पी संदोष कुमार हैं। इससे पहले राज्यसभा में विपक्ष द्वारा हंगामा किया गया। जिस पर उपसभापति ने सख्ती दिखाते हुए कहा कि मैं सदन के वेल में खड़े होकर नारे लगाने और ताली बजाने वाले सदस्यों से कहना चाहता हूं कि यह नियमों के खिलाफ है।

उपसभापति पर फेंका गया पेपर

राज्यसभा में उपसभापति भुवनेश्वर कलीता पर पेपर भी फेंका गया है। निलंबित सांसदों में से किसी ने ये पेपर फेंका है। वहीं 19 निलंबित सांसदों के हंगामे के बीच कल सुबह 11 बजे तक राज्यसभा की कार्यवाही स्थगित कर दी गई है।

लोकसभा में भी कांग्रेस सांसद किए थे निलंबित

बता दें कि, बीते दिन लोकसभा में भी हंगामा किया गया था। महंगाई के विरोध में नारेबाजी के बाद कांग्रेस के चार सांसदों को लोकसभा के शेष सत्र से निलंबित कर दिया गया था। कांग्रेस सांसदों ने हाथ में तख्तियां लेकर सदन में नारेबाजी की थी। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सांसदों को चेतावनी दी थी कि सदन में तख्तियां लाने वाले किसी भी सांसद को कार्यवाही में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

इसके बाद कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ज्योतिमणि, राम्या हरिदास और टीएन प्रतापन को निलंबित किया गया था। सांसदों के निलंबन पर कांग्रेस की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया दी गई थी। पार्टी ने कहा था कि सांसदों को सस्पेंड करके सरकार हमें डराने की कोशिश कर रही है। सांसद केवल उन मुद्दों को उठाने की कोशिश कर रहे थे जो आम लोगों के लिए मायने रखते हैं।


सोनिया गांधी से पूछताछ के विरोध में कांग्रेस सांसदों का प्रदर्शन, विजय चौक से हिरासत में लिए गए राहुल गांधी

नेशनल हेराल्ड मामले में कथित मनी लॉन्ड्रिंग केस में ईडी आज दूसरी बार कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से पूछताछ कर रही है। इससे पहले ईडी 21 जुलाई को सोनिया गांधी से करीब 2 घंटे पूछताछ कर चुकी है। कांग्रेस के मुताबिक दिल्ली पुलिस ने राजघाट पर सत्याग्रह की अनुमति नहीं दी। जिसके बाद सोनिया गांधी के आवास 10 जनपथ से सटे कांग्रेस मुख्यालय में बड़ी संख्या में पार्टी के कार्यकर्ताओं को जमा होने का आदेश दिया गया है।



नई दिल्लीः नेशनल हेराल्ड मामले में कथित मनी लॉन्ड्रिंग केस में ईडी आज दूसरी बार कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से पूछताछ कर रही है। इससे पहले ईडी 21 जुलाई को सोनिया गांधी से करीब 2 घंटे पूछताछ कर चुकी है। कांग्रेस के मुताबिक दिल्ली पुलिस ने राजघाट पर सत्याग्रह की अनुमति नहीं दी। जिसके बाद सोनिया गांधी के आवास 10 जनपथ से सटे कांग्रेस मुख्यालय में बड़ी संख्या में पार्टी के कार्यकर्ताओं को जमा होने का आदेश दिया गया है। 

नेशनल हेराल्ड मामले के मामले में बीते 24 जुलाई को ईडी ने सोनिया गांधी से पूछताछ की थी तब कांग्रेसियों ने पूरे देश में प्रदर्शन किया था। बता दें कि पिछले महीने जून में राहुल गांधी से करीब 50 घंटे पूछता चली तब भी कांग्रेसियों ने लगातार पांच दिन तक प्रदर्शन किया था। 

कांग्रेस के इन प्रदर्शनों पर बीजेपी की ओर से सवाल उठाए जाने पर पलटवार करते हुए कांग्रेस प्रवक्ता शक्तिसिंह गोहिल ने दावा किया कि जब गुजरात दंगों के मामले में तब के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी से एसआईटी ने पूछताछ की थी तो एक तरफ पूरे प्रदेश में दीवारों पर कांग्रेस नेताओं या तक के राज्यपाल के खिलाफ आप सब लिखे गए थे। यही नहीं बीजेपी के एक विधायक से पूछताछ रुकवाने के लिए हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक का दरवाजा खटखटाया गया था लेकिन अब जब कांग्रेस अपने अध्यक्ष के समर्थन में प्रदर्शन कर रही है तो बीजेपी वालों को तकलीफ हो रही है। 

गुजरात में नेता विपक्ष रह चुके गोहिल ने कहा कि केंद्र में कांग्रेस सरकार के समय नरेंद्र मोदी और अमित शाह को किसी भी केंद्र जांच एजेंसी द्वारा संबंध नहीं करवाया गया बल्कि उनसे पूछताछ अदालतों के निर्देश पर हुई। 

राहुल गांधी हिरासत में

नेशनल हेराल्ड केस में कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी से ईडी की पूछताछ जारी है। इस बीच, कांग्रेस की तरफ से इसके विरोध में प्रदर्शन किया जा रहा है। कांग्रेस सांसद विजय चौक पर प्रदर्शन कर रहे हैं। राहुल गांधी भी उन सांसदों के साथ विरोध प्रदर्शन के लिए बैठ थे। सांसदों को राष्ट्रपति भवन की तरफ जाने से रोक दिया गया है। वह राष्ट्रपति से मिलकर उन्हें ज्ञापन देना चाहते थे। लेकिन विजय चौक से आगे नहीं जाने दिया गया। उसके बाद वे वहीं पर धरने पर बैठ गए थे। इसके बाद उन्हें हिरासत में लिया गया।


कारगिल विजय दिवस: PM मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने देश के सपूतों को दी श्रद्धांजलि

आज 26 जुलाई है कारगिल विजय दिवस, आज ही के दिन भारत के वीर सैनिकों ने दुश्मन को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया था। अपने अदम्य साहस और अटूट आत्मविश्वास से भारतीय सैनिकों ने जो युद्ध लड़ा वह इतिहास बन गया। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर 1999 युद्ध में अपनी जान गवाने वाले सैनिकों को पूरा देश आज नम आंखों से याद कर रहा है।


नई दिल्लीः आज 26 जुलाई है कारगिल विजय दिवस, आज ही के दिन भारत के वीर सैनिकों ने दुश्मन को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया था। अपने अदम्य साहस और अटूट आत्मविश्वास से भारतीय सैनिकों ने जो युद्ध लड़ा वह इतिहास बन गया। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर 1999 युद्ध में अपनी जान गवाने वाले सैनिकों को पूरा देश आज नम आंखों से याद कर रहा है। 

देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राजधानी दिल्ली में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। तीनों सेना प्रमुख थल सेना प्रमुख जल जर्नल मनोज पांडे, नौसेना प्रमुख एडमिरल आर हरी कुमार और वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल वी आर चौधरी ने दिल्ली में राष्ट्रीय स्मारक कर्मी दिवस पर श्रद्धांजलि अर्पित की।  

पीेएम मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने दी श्रद्धांजलि 

प्रधानमंत्री मोदी ने शहिदों को याद करते हुए कहा कि, कारगिल विजय दिवस मां भारती की आन-बान और शान का प्रतीक है। इस अवसर पर मातृभूमि की रक्षा में पराक्रम की पराकाष्ठा करने वाले सभी साहसी सपूतों को मेरा शत्-शत् नमन। जय हिन्द। 

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कारगिल विजय दिवस पर 1999 के कारगिल युद्ध में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि  कारगिल विजय दिवस हमारे सशस्त्र बलों की असाधारण वीरता, पराक्रम और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है। भारत माता की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले सभी वीर सैनिकों को मैं नमन करती हूं। सभी देशवासी, उनके और उनके परिवारजनों के प्रति सदैव ऋणी रहेंगे। जय हिन्द!

वहीं,  जम्मू में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर कारगिल युद्ध में अपनी जान गंवाने वाले सैनिकों को बलिदान स्तंभ पर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। लद्दाख के द्रास में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर 1999 के कारगिल युद्ध में अपनी जान गंवाने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गई। उत्तरी सेना के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कहा कि कारगिल पूरा देश भारतीय सेना की वीरता एवं विजय को नमन कर रहा है। कारगिल विजय दिवस के माध्यम से हम उनके बलिदान को याद करते हैं। मैं देशवासियों को याद दिलाना चाहता हूं कि सेना का हर जवान देश की सेवा में दृढ़ संकल्पित है। ऑपरेशन विजय में भारतीय सेना ने अपने संकल्प और बहादुरी का परिचय दिया था। सीमा में प्रवेश कर चुके घुसपैठियों को निकालना हमारी प्राथमिकता थी। उस मुश्किल वक्त में हमारे जवानों ने देश सेवा के मार्ग पर चलते हुए दुश्मन को जवाब दिया।


लोकसभा स्पीकर ओम् बिरला की बड़ी कार्रवाई, कांग्रेस के 4 सांसद पूरे सत्र के लिए निलंबित

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की चेतावनी के बावजूद सांसद सदन में तख्तियां पोस्टर लाकर महंगाई का विरोध जताने के चलते कांग्रेस के चार सांसदों को लोकसभा के पूरे मानसून सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया है।



नई दिल्लीः लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की चेतावनी के बावजूद सांसद सदन में तख्तियां पोस्टर लाकर महंगाई का विरोध जताने के चलते कांग्रेस के चार सांसदों को लोकसभा के पूरे मानसून सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया है। 

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने उन्हें पहले ही चेतावनी दी थी कि अगर उन्हें विरोध करना है तिथि और पोस्टर दिखाना है तो वह सदन के बाहर करें लेकिन इसके बावजूद भी चारों सांसद दोबारा सदन में पोस्टर बैनर लेकर आ गए जिसके बाद लोकसभा अध्यक्ष ने उन पर कार्यवाही करें। निलंबित हुए कांग्रेस के सांसद मणिकम टैगोर, राम्या हरिदास, जोथिमणि और टीएन प्रतापन है।

चर्चा के लिए तैयार थे लोकसभा अध्यक्ष

लोकसभा अध्यक्ष ने सभी चारों सांसदों को महंगाई पर 3:00 बजे के बाद चर्चा करने के लिए कहा था। साथ ही उन्होंने सख्त लहजे में कहा था कि अगर आप तथ्य दिखाना चाहते हैं तो सदन के बाद दिखा सकते हैं, सदन के अंदर मैं चर्चा के लिए तैयार हूं। इसके बाद भी जब 3:00 बजे सदन की कार्यवाही शुरू हुई तो विपक्ष के नेता पुणे हाथ में तख्तियां लेकर आ गए इसलिए जीरो अवर को 20 मिनट पहले ही स्थगित करना पड़ा। 

पीठासीन सभापति ने की घोषणा

पीठासीन सभापति ने कहा कि कुछ सदस्य निरंतर तख्तियां आसन के सामने दिखा रहे हैं जो सदन की मर्यादा के खिलाफ है। लोकसभा अध्यक्ष ने तख्ती दिखाने वाले सांसदों को चेतावनी दी थी। पीठासीन सभापति राजेंद्र अग्रवाल ने कौवे सदस्यों से कहा कि वह लोकसभा अध्यक्ष की चेतावनी का ध्यान रखें और किसी तरह की तख्ती नहीं दिखाएं लेकिन फिर भी जब कांग्रेस सांसदों ने बात नहीं मानी तो उन्होंने कांग्रेस के चार सांसदों के निलंबन की घोषणा की। पीठासीन सभापति राजेंद्र अग्रवाल ने कहा आसन के प्रति कारों की उपेक्षा करने के मामले में कांग्रेस सदस्य मणिकम टैगोर, जोतिमणि, राम्या हरिदास, टी एन प्रतापन को सांसद के मानसून सत्र की शेष अवधि के लिए सभा की सेवाओं से निलंबित किया जाता है।


श्री कृष्ण जन्मभूमि विवाद पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में आज हुई सुनवाई, ईदगाह मस्जिद के सर्वे का जल्द हो सकता है आदेश!

मथुरा श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में आज सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई हुई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मथुरा जिला कोर्ट को आदेश दिया है कि इस मामले में वादी प्रतिवादी पक्ष की रिपोर्ट जल्द से जल्द हाई कोर्ट को पेश करें। इस मामले की सुनवाई अब 2 अगस्त को होगी माना जा रहा है कि नहीं सुनवाई में कोर्ट विवादित परिसर के सर्वे को लेकर फैसला सुना सकता है।



नई दिल्लीः मथुरा श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में आज सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई हुई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मथुरा जिला कोर्ट को आदेश दिया है कि इस मामले में वादी प्रतिवादी पक्ष की रिपोर्ट जल्द से जल्द हाई कोर्ट को पेश करें। इस मामले की सुनवाई अब 2 अगस्त को होगी माना जा रहा है कि नहीं सुनवाई में कोर्ट विवादित परिसर के सर्वे को लेकर फैसला सुना सकता है।

बता दें कि भगवान श्री कृष्ण विराजमान के बाद मनीष यादव की ओर से याचिका दाखिल की गई है। इस याचिका में कोर्ट कमिश्नर नियुक्त कर विवादित परिसर का सर्वे कराए जाने की मांग की है। याचिका में उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड समेत कई लोगों को पक्षकार बनाया गया है। मथुरा की अदालत में दाखिल अर्जी पर जल्द सुनवाई पूरे किए जाने की मांग की गई है। जस्टिस बिपिन चंद्र दिक्षित की सिंगल बेंच में यह सुनवाई हुई है और इसी तरह की एक अर्जी पर हाई कोर्ट पिछले हफ्ते 3 महीने में सुनवाई पूरी करने का आदेश दे चुकी है।

 मथुरा विवाद

आपको बता दें कि मथुरा विवाद 13.37 एकल भूमि के मालिकाना हक का है जिसमें एकड़ जमीन भगवान श्री कृष्ण जन्म स्थली के पास है और 2.5 एकड़ जमीन शाही ईदगाह मस्जिद के पास है। मतलब इस बात की चर्चा पिछले साल तक तू हुई थी जब अखिल भारत हिंदू महासभा ने ईदगाह मस्जिद के अंदर भगवान की मूर्ति स्थापित कर उसका जलाभिषेक करने का एलान किया था। हालांकि हिंदू महासभा ऐसा कर नहीं सकी।


नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन ने 'बंग विभूषण पुरस्कार लेने से किया इंकार, जानिए क्या है वजह

नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन ने बंगाल सरकार की तरफ से दिए जाने वाली सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार 'बंग विभूषण' को लेने से मना कर दिया है। अमर्त्य सेन मंत्री पार्थ चटर्जी की स्कूल सेवा आयोग भर्ती घोटाले में गिरफ्तारी के बाद पुरस्कार लेने से मना किया है। बता दें कि माकापा नेता सुजान चक्रवर्ती ने पार्थ चटर्जी गिरफ्तारी के बाद सेन सहित सभी संभावित पुरस्कार प्राप्त करता उसे टीएमसी सरकार से पुरस्कार नहीं लेने की तकनीक अपील की है।



नई दिल्लीः नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन ने बंगाल सरकार की तरफ से दिए जाने वाली सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार 'बंग विभूषण' को लेने से मना कर दिया है। अमर्त्य सेन मंत्री पार्थ चटर्जी की स्कूल सेवा आयोग भर्ती घोटाले में गिरफ्तारी के बाद पुरस्कार लेने से मना किया है। बता दें कि माकापा नेता सुजान चक्रवर्ती ने पार्थ चटर्जी गिरफ्तारी के बाद सेन सहित सभी संभावित पुरस्कार प्राप्त करता उसे टीएमसी सरकार से पुरस्कार नहीं लेने की तकनीक अपील की है। 

सेन ने राज्य सरकार को पहले ही किया था सूचित

एक पारिवारिक सूत्र ने बताया कि करीब 10 दिन पहले ब्रिटेन के लिए रवाना हुए सेन ने राज्य सरकार को सूचित किया था कि जिस दिन पुरस्कार दिया जाएगा वह भारत में नहीं होंगे और यह किसी और को दिया जाना चाहिए। सूत्र ने कहा, "जब उन्हें सूचित किया गया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि वह भारत में नहीं रहेंगे और इसे स्वीकार नहीं कर पाएंगे। इसलिए, इसे किसी और को देना सबसे अच्छा होगा।" बता दें कि बंग विभूषण सम्मान के लिए अमर्त्य सेन के नाम की घोषणा शनिवार को की गई थी। गौरतलब है कि ये सम्मान पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से विभिन्न क्षेत्रों में सेवाओं का सम्मान करने के लिए प्रदान किया जाता है।


भारत को उकसाने के लिए चीन कर रहा है नापाक हरकत, सबक सिखाने के लिए वायु सेना ने कर ली तैयारी

भारत को उकसाने के लिए चीन रोज नापाक हरकतें कर रहा है। नियंत्रण रेखा यानी एलएसी के पास चीन के फाइटर जेट रोजाना उड़ान भरते दिख रहे हैं। चीन ऐसा इसलिए कर रहा है ताकि वह भारत को उकसा सके। चीन की फितरत को समझते हुए भारतीय वायु सेना ने ड्रैगन को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए इंतजाम कर लिए हैं।



नई दिल्लीः भारत को उकसाने के लिए चीन रोज नापाक हरकतें कर रहा है। नियंत्रण रेखा यानी एलएसी के पास चीन के फाइटर जेट रोजाना उड़ान भरते दिख रहे हैं। चीन ऐसा इसलिए कर रहा है ताकि वह भारत को उकसा सके। चीन की फितरत को समझते हुए भारतीय वायु सेना ने ड्रैगन को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए इंतजाम कर लिए हैं। चीन वायु सेना के खिलाफ उकसाने वाली कार्यवाही कर रहा है। लिहाजा पड़ोसी की नापाक हरकतों निपटने के लिए एयरफोर्स ने मुंहतोड़ जवाब देने के लिए मिराज 2000 और mig-29 को एलएसी के पास तैनात कर दिया है।

चीन, इस बार भारत को भड़काने के लिए LAC के पास फाइटर जेट उड़ा रहा है। चीनी फाइटर जेट इन दिनों पूर्वी लद्दाख LAC के पास हर रोज उड़ान भर रहे हैं। चीनी फाइटर जेट अपनी इन उड़ानों से भारत को भड़काने का प्रयास कर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक चीनी फाइटर जेट पिछले तीन से चार हफ्ते से LAC के बेहद नजदीक से उड़ान भरते हुए अपनी इस हरकत के जरिए भारतीय सेना की तैयारियों का जायजा ले रहे हैं।

चीनी फाइटर जेट अपनी उड़ान के जरिए लगातार अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं। वहीं भारत सरकार के एक अधिकारिक सूत्र ने जानकारी देते हुए बताया है कि इन हरकतों के दौरान J-11 समेत अन्य चीनी फाइटर जेट LAC के पास से उड़ान भर रहे हैं। जो क्षेत्रीय 10 किमी Confidence Building Measure Line का उल्लंघन कर रहे हैं। सूत्रों ने जानकारी देते हुए ये भी बताया है कि भारतीय वायु सेना ने चीन की इन हरकतों से निपटने के पूरे इंतजाम किए हैं। चीन को सेकेंडों में जवाबी कार्रवाई देने के लिए क्षेत्र में भारतीय वायु सेना ने क्षेत्र में मिराज 200 और मिग 29 की तैनाती की है।


राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के साथ ही द्रौपदी मुर्मू ने बनाएं एक साथ पांच रिकॉर्ड

देश के 15वें राष्ट्रपति के तौर पर आज द्रौपदी मुर्मू ने शपथ ग्रहण कर ली है। इसके साथ ही देश को पहली आदिवासी और दूसरी महिला राष्ट्रपति मिल गई। शपथ ग्रहण के साथ महामहिम राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के नाम एक या दो नहीं बल्कि पांच बड़े रिकॉर्ड दर्ज हो गए। आइए जानते हैं कैसे?


नई दिल्लीः देश के 15वें राष्ट्रपति के तौर पर आज द्रौपदी मुर्मू ने शपथ ग्रहण कर ली है। इसके साथ ही देश को पहली आदिवासी और दूसरी महिला राष्ट्रपति मिल गई। शपथ ग्रहण के साथ महामहिम राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के नाम एक या दो नहीं बल्कि पांच बड़े रिकॉर्ड दर्ज हो गए। आइए जानते हैं कैसे?  

द्रौपदी मुर्मू का जीवन परिचय

द्रौपदी का जन्म ओडिशा के मयूरगंज जिले के एक छोटे से गांव बैदपोसी में 20 जून 1958 को हुआ था। द्रौपदी संथाल आदिवासी जातीय समूह से संबंध रखती हैं। उनके पिता का नाम बिरांची नारायण टुडू एक किसान थे। द्रौपदी के दो भाई हैं। द्रौपदी मुर्मू के पति श्याम चरण का निधन हो चुका है। द्रौपदी का बचपन बेहद अभावों और गरीबी में बीता था। लेकिन अपनी स्थिति को उन्होंने अपनी मेहनत के आड़े नहीं आने दिया। उन्होंने भुवनेश्वर के रमादेवी विमेंस कॉलेज से स्नातक तक की पढ़ाई पूरी की। जिसके बाद वह शिक्षक बन गईं। 

मुर्मू ने 1979 से 1983 तक सिंचाई और बिजली विभाग में जूनियर असिस्टेंट के रूप में भी कार्य किया। इसके बाद 1994 से 1997 तक उन्होंने ऑनरेरी असिस्टेंट टीचर के रूप में कार्य किया था। 1997 में उन्होंने पहली बार चुनाव लड़ा। ओडिशा के राइरांगपुर जिले में पार्षद चुनी गईं। इसके बाद वह जिला परिषद की उपाध्यक्ष भी चुनी गईं। वर्ष 2000 में विधानसभा चुनाव लड़ीं। राइरांगपुर विधानसभा से विधायक चुने जाने के बाद उन्हें बीजद और भाजपा गठबंधन वाली सरकार में स्वतंत्र प्रभार का राज्यमंत्री भी बनाया गया। 

2002 में मुर्मू को ओडिशा सरकार में मत्स्य एवं पशुपालन विभाग का राज्यमंत्री बनाया गया। 2006 में उन्हें भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया। 2009 में वह राइरांगपुर विधानसभा से दूसरी बार भाजपा के टिकट पर चुनाव जीतीं। इसके बाद 2009 में वह लोकसभा चुनाव भी लड़ीं, लेकिन जीत नहीं पाईं। 2015 में द्रौपदी को झारखंड का राज्यपाल बनाया गया। 2021 तक उन्होंने राज्यपाल के तौर पर अपनी सेवाएं दीं। 

रिकॉर्ड जो मुर्मू के नाम दर्ज हुए

1. पहली आदिवासी राष्ट्रपति : मुर्मू देश की पहली आदिवासी हैं जो राष्ट्रपति के पद तक पहुंची। आज तक कोई भी राष्ट्रपति आदिवासी समाज से नहीं बना है। 

2. आजादी के बाद जन्म लेने वाली पहली राष्ट्रपति : आज तक बने सभी राष्ट्रपतियों का जन्म आजादी से पहले यानी 1947 से पहले हुआ था। द्रौपदी मुर्मू पहली राष्ट्रपति हैं, जिनका जन्म आजादी के बाद हुआ है। मुर्मू का जन्म 20 जून 1958 को हुआ है।

3. सबसे युवा राष्ट्रपति: 64 साल की द्रौपदी मुर्मू देश की सबसे युवा राष्ट्रपति हैं। मुर्मू से पहले ये रिकॉर्ड नीलम संजीव रेड्डी के नाम पर था। रेड्डी जब राष्ट्रपति बने तब उनकी उम्र 64 साल दो महीने थी। वहीं, आज यानी शपथ के दौरान मुर्मू की उम्र 64 साल एक महीने है।   

4. ओडिशा से पहली राष्ट्रपति : आज तक कोई भी राष्ट्रपति ओडिशा से नहीं बना था। द्रौपदी मुर्मू पहली राष्ट्रपति होंगी जो ओडिशा की रहने वाली हैं। इससे पहले वीवी गिरी ऐसे राष्ट्रपति थे जिनका ओडिशा से संबध था। गिरी का जन्म मद्रास प्रेसिडेंसी के बहरामपुर में हुआ था, जो अब ओडिशा में है। हालांकि, गिरी तेलुगु परिवार से संबंध रखते थे।

5.राष्ट्रपति बनने वाली पहली पार्षद: द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति बनने वाली ऐसी पहली नेता हैं जो कि पार्षद रह चुकी हैं। द्रौपदी मुर्मू सबसे पहले एक शिक्षक थीं।


शपथ ग्रहण के बाद बोली राष्ट्रपति द्रोपति मुर्मू, भारत के प्रत्येक गरीब की उपलब्धि

राष्ट्रपति के तौर पर पहली बार द्रोपदी मुर्मू ने अपना भाषण दिया। द्रोपदी मुर्मू ने कारगिल विजय दिवस की बधाई देते हुए अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि,'मैं देश की पहली ऐसी राष्ट्रपति हूं जिसका जन्म आजाद भारत में हुआ है। हमारे स्वाधीनता सेनानियों ने आजाद हिंदुस्तान के लिए आम नागरिकों से जो अपेक्षाएं की थी उसकी पूर्ति के लिए इस अमृत काल में हमें तेजी से काम करना है। 25 वर्ष में अमृत काल की सिद्धि का यह रास्ता दो पटरी हो पर आगे बढ़ेगा-सब का प्रयास और सब का कर्तव्य'


नई दिल्लीः आज संसद भवन में देश की नई राष्ट्रपति द्रोपति मुर्मू ने शपथ ली। सीजेआई एन वी रमन ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। जिसके बाद राष्ट्रपति के तौर पर पहली बार द्रोपदी मुर्मू ने अपना भाषण दिया। द्रोपदी मुर्मू ने कारगिल विजय दिवस की बधाई देते हुए अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि,'मैं देश की पहली ऐसी राष्ट्रपति हूं जिसका जन्म आजाद भारत में हुआ है। हमारे स्वाधीनता सेनानियों ने आजाद हिंदुस्तान के लिए आम नागरिकों से जो अपेक्षाएं की थी उसकी पूर्ति के लिए इस अमृत काल में हमें तेजी से काम करना है। 25 वर्ष में अमृत काल की सिद्धि का यह रास्ता दो पटरी हो पर आगे बढ़ेगा-सब का प्रयास और सब का कर्तव्य' 

 26 जुलाई को कारगिल विजय दिवस है यह दिन भारत की सेनाओं के शौर्य और संयम दोनों का प्रतीक है। मैं देश की सेनाओं तथा देश के समस्त नागरिकों को कारगिल विजय दिवस की अग्रिम शुभकामनाएं देती हूं।' 

भारत के प्रत्येक गरीब की उपलब्धि

द्रौपदी मुर्मू ने आगे कहा कि, "राष्ट्रपति के पद तक पहुंचना मेरी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है ये भारत के प्रत्येक गरीब की उपलब्धि है। मेरे लिए बहुत संतोष की बात है कि जो सदियों से वंचित रहे, जो विकास के लाभ से दूर रहे, वे गरीब, दलित, पिछड़े तथा आदिवासी मुझ में अपना प्रतिबिंब देख रहे हैं। मैं आज समस्त देशवासियों को, विशेषकर भारत के युवाओं को और भारत की महिलाओं को ये विश्वास दिलाती हूं कि इस पद पर कार्य करते हुए मेरे लिए उनके हित सर्वोपरि होंगे। मेरे इस निर्वाचन में पुरानी लीक से हटकर नए रास्तों पर चलने वाले भारत के आज के युवाओं का साहस भी शामिल है। ऐसे प्रगतिशील भारत का नेतृत्व करते हुए आज मैं खुद को गौरवान्वित महसूस कर रही हूं।"


देश के लिए ऐतिहासिक दिन, राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने संसद भवन में ली शपथ

आज पूरे देश के लिए एक ऐतिहासिक दिन है। द्रौपदी मुर्मू आज देश की 15वीं राष्ट्रपति बनी है। आज उनका शपथ ग्रहण समारोह संसद भवन में हुआ, भारत के इतिहास में पहली बार कोई आदिवासी महिला राष्ट्रपति बनी है तो यह दूसरी बार है कि कोई महिला राष्ट्रपति बनी है। महामहिम द्रौपदी मुर्मू ने संसद के केंद्रीय कक्ष में शपथ ली। शपथ से पहले द्रौपदी मुरमू राजघाट पहुंची, जहां उन्होंने महात्मा गांधी को श्रद्धा सुमन अर्पित किए।



नई दिल्लीः आज पूरे देश के लिए एक ऐतिहासिक दिन है। द्रौपदी मुर्मू आज देश की 15वीं राष्ट्रपति बनी है। आज उनका शपथ ग्रहण समारोह संसद भवन में हुआ, भारत के इतिहास में पहली बार कोई आदिवासी महिला राष्ट्रपति बनी है तो यह दूसरी बार है कि कोई महिला राष्ट्रपति बनी है। महामहिम द्रौपदी मुर्मू ने संसद के केंद्रीय कक्ष में शपथ ली। शपथ से पहले द्रौपदी मुरमू राजघाट पहुंची, जहां उन्होंने महात्मा गांधी को श्रद्धा सुमन अर्पित किए।

गणमान्य लोग मौजूद

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यूपी सदन में मौजूद हैं तो उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी उत्तराखंड सदन में मौजूद हैं। दोनों सीएम आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए। बता दें कि उत्तर प्रदेश के राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और उत्तराखंड के राज्यपाल गुरमीत सिंह दिल्ली में मौजूद हैं। मुख्य न्यायाधीश एनवी रमन्ना ने द्रौपदी मुर्मू को शपथ दिलाया। समारोह में निवर्तमान राष्ट्रपति और निर्वाचित राष्ट्रपति के साथ उपराष्ट्रपति एवं राज्यसभा के सभापति एम। वेंकैया नायडू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, मंत्रिपरिषद के सदस्य, राज्यपाल, मुख्यमंत्री, राजनयिक मिशनों के प्रमुख, संसद सदस्य और सरकार के प्रमुख असैन्य एवं सैन्य अधिकारी समारोह में शामिल हुए 


नीरज चोपड़ा ने लहराया परचम, वर्ल्ड चैंपियनशिप में जीता सिल्वर मेडल, पीएम मोदी ने दी बधाई

भारत के जेवलिन थ्रो इवेंट में नीरज चोपड़ा गोल्ड से चूक गए लेकिन फिर भी उन्होंने इतिहास रच दिया है। उन्होंने 88.13 मीटर जैवलिन थ्रो के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया। अमेरिका के यूजीन में चल रहे इस वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में एंडरसन पीटर्स पहले स्थान पर रहे।


नई दिल्ली: भारत के जेवलिन थ्रो इवेंट में नीरज चोपड़ा गोल्ड से चूक गए लेकिन फिर भी उन्होंने इतिहास रच दिया है। उन्होंने 88.13 मीटर जैवलिन थ्रो के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया। अमेरिका के यूजीन में चल रहे इस वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में एंडरसन पीटर्स पहले स्थान पर रहे। उन्होंने अपने 6 में से 3 अटेम्प्ट में 90 मीटर के पास भाला फेंक कर ये रिकॉर्ड अपने नाम किया है। 

हालांकि यहां दूसरे स्थान पर रहने के बावजूद नीरज इतिहास रचने में कामयाब रहे। वह भारत के पहले पुरुष खिलाड़ी बन गए हैं, जिन्होंने वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में पदक हासिल किया है। ओवरऑल वह इस चैंपियनशिप में मेडल जीतने वाले दूसरे भारतीय खिलाड़ी हैं। उनसे पहले लंबी कूद में भारतीय महिला एथलीट अंजू बेबी जॉर्ज ने यहां पदक जीता था।

नीरज ने यहां फाउल थ्रो के साथ शुरुआत की और दूसरे प्रयास में 82.39 मीटर का स्कोर किया। वह फाइनल में काफी पीछे चल रहे थे। इसके बाद तीसरे अटेम्प्ट में 86.37 मीटर थ्रो कर वह चौथे पायदान पर आए और फिर चौथे अटेम्प्ट में उन्होंने 88.13 मीटर दूर भाला फेंककर दूसरा स्थान हासिल कर लिया। नीरज का पांचवां अटेम्प्ट फाउल रहा और आखिरी अटेम्प्ट में उन्होंने जैसे ही पाया कि वह जैवलिन को 90 मीटर पार नहीं फेंक पाएं हैं तो उन्होंने इस अटेम्प्ट को भी फाउल कर दिया।

जैवलिन थ्रो के फाइनल इवेंट में भारत के एक और खिलाड़ी रोहित यादव (Rohit Yadav) भी अपनी किस्मत आजमा रहे थे। लेकिन रोहित यादव को तीन अटेम्प्ट के बाद ही फाइनल से बाहर होना पड़ा। शुरुआती तीन अटेम्प्ट के बाद वह 10वें पायदान पर थे। ऐसे में वह एलिमिनेट कर दिए गए।

पीएम मोदी ने की तारीफ

पीएम मोदी ने ट्वीट में लिखा- हमारे देश के दिग्गज एथलीटों में से एक नीरज चोपड़ा ने यह बड़ी उपलब्धि हासिल की। उन्हें इस वर्ल्ड एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में ऐतिहासिक सिल्वर मेडल जीतने के लिए बधाई। यह भारतीय खेलों के लिए एक खास पल है। नीरज चोपड़ा को उनके अगले टूर्नामेंट और भविष्य के लिए भी शुभकामनाएं।


संसद भवन में लगे अशोक स्तंभ का मामला पहुंचा सुप्रीम कोर्ट, शेरों की उग्र मुद्रा पर उठे सवाल

नए संसद भवन पर लगे राष्ट्रीय चिन्ह अशोक स्तंभ का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। संसद भवन में लगे राष्ट्रीय चिन्ह को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल हुई है। दो वकीलों ने याचिका दायर कर कहा है कि ये सारनाथ (Sarnath) में रखे गए मूल प्रतीक से अलग है। सुप्रीम कोर्ट सरकार को इसमें सुधार करने का आदेश दे।



नई दिल्लीः नए संसद भवन पर लगे राष्ट्रीय चिन्ह अशोक स्तंभ का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। संसद भवन में लगे राष्ट्रीय चिन्ह को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल हुई है। दो वकीलों ने याचिका दायर कर कहा है कि ये सारनाथ (Sarnath) में रखे गए मूल प्रतीक से अलग है। सुप्रीम कोर्ट सरकार को इसमें सुधार करने का आदेश दे।

वकील अलदानिश रेन और रमेश कुमार मिश्रा की याचिका में कहा गया है कि सेंट्रल विस्टा में बन रहे नए संसद भवन की छत पर लगाया गया प्रतीक भारतीय राजचिन्ह से अलग है। इस वजह से इसे लगाना भारतीय राजचिन्ह के गलत इस्तेमाल को रोकने वाले कानून-स्टेट एमब्लम ऑफ इंडिया (प्रोहिबिशन अगेंस्ट इम्प्रॉपर यूज़) एक्ट, 2005 का उल्लंघन है। 

दोनों वकीलों ने कहा है कि संसद भवन की छत पर लगाए गए प्रतीक में शेर उग्र नजर आ रहे हैं। उनके मुंह खुले हैं, जिसमें नुकीले दांत दिख रहे हैं। इसमें देवनागरी लिपि में 'सत्यमेव जयते' भी नहीं लिखा, जो कि राष्ट्रीय प्रतीक का अनिवार्य हिस्सा है। राजचिन्ह में इस तरह का बदलाव गलत हैं। सुप्रीम कोर्ट सरकार को इसे सुधारने का आदेश दे।


एसएससी घोटाले में गिरफ्तार हुए टीएमसी मंत्री पार्थ चटर्जी, अर्पिता मुखर्जी भी हिरासत में

एसएससी भर्ती घोटाले के सिलसिले में पश्चिम बंगाल के मंत्री पार्थ चटर्जी को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। चटर्जी 2021 के विधानसभा चुनाव में बेहाला पश्चिम सीट से फिर से चुने गए। वर्तमान में उनके पास ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले मंत्रिमंडल में उच्च शिक्षा, स्कूली शिक्षा और संसदीय मामलों के विभाग हैं। केंद्रीय एजेंसी के अधिकारी 26 घंटे से अधिक समय से उनके आवास पर छापेमारी कर रहे थे। एक दिन पहले ईडी ने उनकी सहयोगी अर्पिता मुखर्जी के आवासीय परिसर से 20 करोड़ रुपये नकद बरामद किए थे।


नई दिल्लीः एसएससी भर्ती घोटाले के सिलसिले में पश्चिम बंगाल के मंत्री पार्थ चटर्जी  को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। चटर्जी 2021 के विधानसभा चुनाव में बेहाला पश्चिम सीट से फिर से चुने गए। वर्तमान में उनके पास ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले मंत्रिमंडल में उच्च शिक्षा, स्कूली शिक्षा और संसदीय मामलों के विभाग हैं। केंद्रीय एजेंसी के अधिकारी 26 घंटे से अधिक समय से उनके आवास पर छापेमारी कर रहे थे। एक दिन पहले ईडी ने उनकी सहयोगी अर्पिता मुखर्जी के आवासीय परिसर से 20 करोड़ रुपये नकद बरामद किए थे। यहां तक कि उन्हें ईडी ने हिरासत में भी लिया है। सूत्र के मुताबिक, अधिकारियों ने शहर के जादवपुर इलाके में स्थित पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष माणिक भट्टाचार्य के आवास पर भी छापेमारी की।

सीबीआई जहां गैर-शिक्षण कर्मचारियों (ग्रुप सी एंड डी), सहायक शिक्षकों (कक्षा IX-XII) और प्राथमिक विद्यालय के शिक्षकों की भर्ती में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही थी, वहीं ईडी मनी लॉन्ड्रिंग पहलू की जांच कर रहा है। पार्थ चटर्जी शिक्षा मंत्री थे जब इस घोटाले को कथित रूप से खींचा गया था। सीबीआई उनसे पहले ही 26 अप्रैल और 18 मई को पूछताछ कर चुकी है। एक दिन पहले ईडी ने एसएससी भर्ती घोटाले से जुड़े विभिन्न परिसरों पर एक साथ छापेमारी की थी। एक बयान में, इसने आरोप लगाया कि अर्पिता मुखर्जी के घर से बरामद की गई राशि अपराध की आय हो सकती है।

ईडी ने कहा, 'नकदी गिनने वाली मशीनों के जरिए नकदी की गिनती के लिए तलाशी टीम बैंक अधिकारियों की मदद ले रही है। अर्पिता मुखर्जी के परिसर से कुल 20 से ज्यादा मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं। जिसका पता लगाया जा रहा है। इसके अलावा, घोटाले से जुड़े व्यक्तियों के विभिन्न परिसरों से कई अन्य आपत्तिजनक दस्तावेज, रिकॉर्ड, संदिग्ध कंपनियों का विवरण, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, विदेशी मुद्रा और सोना भी बरामद किया गया है।"


तिहाड़ जेल में भूख हड़ताल पर बैठा यासीन मलिक, जानिए क्या है मामला?

आतंकी संगठन जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट का चीफ और 1990 में कश्मीर का सबसे बड़ा आतंकी यासीन मलिक इन दिनों दिल्ली के तिहाड़ जेल में बंद है। यासीन मलिक ने जेल के अंदर ही भूख हड़ताल शुरू कर दी है। जेल के अधिकारियों ने यासीन मलिक से बातचीत कर उसे भूख हड़ताल छोड़ने से मनाने की कोशिश की लेकिन उसने भूख हड़ताल छोड़ने से मना कर दिया।



नई दिल्लीः आतंकी संगठन जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट का चीफ और 1990 में कश्मीर का सबसे बड़ा आतंकी यासीन मलिक इन दिनों दिल्ली के तिहाड़ जेल में बंद है। यासीन मलिक ने जेल के अंदर ही भूख हड़ताल शुरू कर दी है। जेल के अधिकारियों ने यासीन मलिक से बातचीत कर उसे भूख हड़ताल छोड़ने से मनाने की कोशिश की लेकिन उसने भूख हड़ताल छोड़ने से मना कर दिया। आपको बता दें कि, यासीन मलिक जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट का चेयरमैन है। मई 2022 में उसे अपराधिक षड्यंत्र रचने और राज्य के खिलाफ युद्ध छेड़ने के आरोप में दोषी पाया गया है, जिसके लिए वह अभी जेल में सजा काट रहा है।

यासीन मलिक शुक्रवार सुबह से ही भूख हड़ताल पर बैठा हुआ है। वो ये कह रहा है कि उसके खिलाफ जो विचाराधीन मामला चल रहा है। उसकी जांच सही तरह से नहीं की जा रही है। इसलिए उसने शुक्रवार सुबह से ही भूख हड़ताल शुरू कर दी है। 

नहीं मानी अधिकारियों की बात

जेल में कई अधिकारी यासीन मलिक को भूख हड़ताल न करने के लिए मनाते रहे। उसे भूख हड़ताल छोड़ने के लिए कहा लेकिन वो अपनी कोशिशों में नाकामयाब रहे। उन्होंने यासीन मलिक से इस मामले में बातचीत की। लेकिन उसने भूख हड़ताल छोड़ने से साफ मना कर दिया। इस समय यासीन दिल्ली की तिहाड़ जेल के कारागार संख्या 7 में बंद है।

यासीन पर लगे हैं कई गंभीर आरोप

यासीन पर 1990 में एयरफोर्स के 4 जवानो की हत्या के आरोप लगे हैं। एयरफोर्स के जवानों पर यह हमला 25 जनवरी 1990 को हुआ था। तब ये जवान श्रीनगर में एयरपोर्ट के लिए बस का इंतजार कर रहे थे। इस हमले में 4 शहीद हुए थे और 40 के करीब लोग घायल हो गए थे।


ईडी ने भगोड़े नीरव मोदी की 253.62 करोड़ रुपये की संपत्ति की कुर्क, अबतक 2650 करोड़ की हो चुकी है जब्ती

प्रवर्तन निदेशालय ईडी ने गुरुवार को देश से फरार चल रहे हीरा व्यापारी नीरव मोदी की 253.62 करोड़ रुपए की चल संपत्ति कुर्क की है। ईडी ने नीरव मोदी और हांगकांग मैं कंपनी के एक समूह के मामले में अपराध की आय के रूप में सोना आभूषण और बैंक बैलेंस जब्त किया है। आपको बता दें कि स्कूल की के बाद नीरव मोदी से की गई जब जब्ती की संख्या 2650.07 करोड़ रुपए पहुंच गई है।




नई दिल्लीः प्रवर्तन निदेशालय ईडी ने गुरुवार को देश से फरार चल रहे हीरा व्यापारी नीरव मोदी की 253.62 करोड़ रुपए की चल संपत्ति कुर्क की है। ईडी ने नीरव मोदी और हांगकांग मैं कंपनी के एक समूह के मामले में अपराध की आय के रूप में सोना आभूषण और बैंक बैलेंस जब्त किया है। आपको बता दें कि स्कूल की के बाद नीरव मोदी से की गई जब जब्ती की संख्या 2650.07 करोड़ रुपए पहुंच गई है। 

मोदी पर पंजाब नेशनल बैंक से 13,570 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने की कथित साजिश के तहत फर्जी तरीके से लेटर ऑफ अंडरटेकिंग जारी करने का मुख्य लाभार्थी होने का आरोप लगाया गया है। 19 मार्च, 2019 को अपनी गिरफ्तारी के बाद से, पीएनबी घोटाले का आरोपी बार-बार जमानत से इनकार किए जाने के बाद वैंड्सवर्थ जेल में बंद है।

मामले पर बोलते हुए ईडी ने एक बयान में कहा, "हांगकांग में नीरव मोदी समूह की कंपनियों की कुछ संपत्तियों की पहचान निजी तिजोरियों में पड़े रत्नों और आभूषणों के रूप में की गई और वहां बनाए गए खातों में बैंक बैलेंस और इन्हें धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की धाराओं के तहत अस्थायी रूप से संलग्न किया गया है।"

गौरतलब है कि 50 वर्षीय नीरव मोदी वर्तमान में यूके की जेल में बंद है और 2 बिलियन अमरीकी डालर के पीएनबी धोखाधड़ी मामले के संबंध में भारत में अपनी प्रत्यर्पण याचिका खो चुका है, जिसकी जांच सीबीआई द्वारा भी की जा रही है।

नीरव मोदी के करीबी सहयोगी सुभाष शंकर को 11 अप्रैल सोमवार को मिस्र से डिपोर्ट किया गया था। नीरव मोदी के एक व्यवसाय में, सुभाष शंकर ने उप महाप्रबंधक के रूप में कार्य किया। वह कथित तौर पर पंजाब नेशनल बैंक धोखाधड़ी में रुचि का मुख्य व्यक्ति है, जिसे केंद्रीय जांच ब्यूरो देख रहा है, और सोमवार (सीबीआई) को काहिरा से मुंबई लाया गया था।

सीबीआई कुछ समय से बैंक धोखाधड़ी मामले की जांच कर रही थी और शंकर को भारत वापस लाने का प्रयास कर रही थी। सरकार के सूत्रों के अनुसार, उनसे इस मामले में और भी कई सबूत पेश करने की उम्मीद है। उनके भारत आगमन के बाद, यह अनुमान लगाया गया था कि सीबीआई उन्हें हिरासत में ले लेगी। $ 2 बिलियन के पीएनबी घोटाले के संबंध में, सीबीआई ने अनुरोध किया कि इंटरपोल नीरव मोदी, उसके भाई निशाल और उसके कर्मचारी सुभाष शंकर के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करे।


तेज रफ्तार डंफर ने 7 कांवरियों को रौंदा, 6 की मौत एक गंभीर रूप से घायल

उत्तर प्रदेश के हाथरस से एक दुखद खबर सामने आएगी जा एक तेज रफ्तार डंपर ने जल ले जा रहे 7 कांवरियों को रोद दिया है। डंपर के रोंदने से पांच बावरियों की मौके पर मौत हो गई , जबकि एक ने अस्पताल में दम तोड़ दिया है। हादसा इतना भयावह था कि पूरे इलाके में सनसनी फ़ैल गई है।


 लखनऊ: उत्तर प्रदेश के हाथरस से एक दुखद खबर सामने आएगी जा एक तेज रफ्तार डंपर ने जल ले जा रहे 7 कांवरियों को रोद दिया है। डंपर के रोंदने से पांच कांवरियों की मौके पर मौत हो गई , जबकि एक ने अस्पताल में दम तोड़ दिया है। हादसा इतना भयावह था कि पूरे इलाके में सनसनी फ़ैल गई है। 

दरअसल, भोलेनाथ की भक्ति में कांवड़िये हरिद्वार से कांवड़ में जलभर अपने जनपद ग्वालियर की तरफ जा रहे थे, तभी तेज रफ्तार डंफर ने उन्हें टक्कर मार दी और 6 लोगों की मौत हो गई और एक अभी जिंदगी-मौत की जंग लड़ रहा है। आपको बता दें ये हादसा कोतवाली सादाबाद बढार चौराहे पर हुआ है। इस हादसे की सूचना पर जनपद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया साथ ही साथ इस हादसे में मरने वाले कांवड़ियों की पहचान पुलिस ने कर ली है‌।

वहीं इस हादसे को लेकर आगरा जोन के ADG राजीव कृष्ण ने कहा कि हाथरस के सादाबाद थाने में करीब सवा दो बजे सात कांवड़ श्रद्धालुओं को एक ट्रक ने रौंद दिया जिसमें 6 की मौत हो गई और 1 गंभीर रूप से घायल है. ADG ने आगे बताया कि वे अपने कांवड़ के साथ हरिद्वार से ग्वालियर जा रहे थे। जिसके बाद ये हादसा हो गया। आगरा ADG, DIG समेत जनपद के सभी आला अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। कांवड़ियों को रौंदने के बाद डंफर मौके से फरार हो गया। फिलहाल, पुलिस डंफर ड्राइवर की तलाश में जुट गई है और लगातार दबिश दे रही है।


बंगाल के मंत्री पार्थ चटर्जी के घर पहुंची ED, मिले नोटों की तस्वीर देखकर चकरा जाएगा सर

पश्चिम बंगाल के कथित एसएससी घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय ने आज छापेमारी करते हुए करोड़ो रुपए की नगदी बरामद की। ईडी ने नगदी की फोटो को ट्वीट करते हुए लिखा कि, 'पश्चिम बंगाल स्कूल सर्विस कमीशन और बंगाल प्राइमरी एजुकेशन बोर्ड से जुड़े स्कैम के मामले में ईडी ने छापेमारी की।' ट्वीट किए गए फोटो में इतना पैसा दिख रहा था जिसे देखकर लोगों के होश उड़ गए।


नई दिल्लीः पश्चिम बंगाल के कथित एसएससी घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय ने आज छापेमारी करते हुए करोड़ो रुपए की नगदी बरामद की। ईडी ने नगदी की फोटो को ट्वीट करते हुए लिखा कि, 'पश्चिम बंगाल स्कूल सर्विस कमीशन और बंगाल प्राइमरी एजुकेशन बोर्ड से जुड़े स्कैम के मामले में ईडी ने छापेमारी की।' ट्वीट किए गए फोटो में इतना पैसा दिख रहा था जिसे देखकर लोगों के होश उड़ गए। 

आपको बता दें कि, ये छापेमारी पश्चिम बंगाल के मंत्री-पार्थ चटर्जी और परेश अधिकारी के घर की गई है। सूत्र ने कहा कि ईडी के कम से कम सात से आठ अधिकारी सुबह लगभग साढ़े आठ बजे चटर्जी के आवास नकतला पहुंचे और पूर्वाह्न 11 बजे तक छापेमारी की। इस दौरान केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के कर्मी बाहर तैनात रहे।

सूत्र ने बताया कि एजेंसी के अधिकारियों की एक अन्य टीम कूचबिहार जिले के मेखलीगंज में अधिकारी के घर पहुंची और उनके परिवार के सदस्यों से पूछताछ की। ईडी के सूत्र के मुताबिक, अधिकारियों ने शहर के जादवपुर इलाके में स्थित पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष माणिक भट्टाचार्य के आवास पर भी छापेमारी की।

अभी उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री पद पर काबिज चटर्जी उस समय शिक्षा मंत्री थे, जब कथित घोटाला हुआ था। सीबीआई दो बार उनसे पूछताछ कर चुकी है। पहली बार पूछताछ 25 अप्रैल, जबकि दूसरी बार 18 मई को की गई थी। सीबीआई पश्चिम बंगाल के शिक्षा राज्य मंत्री अधिकारी से भी पूछताछ कर चुकी है। इसके अलावा उनकी बेटी स्कूल शिक्षक की अपनी नौकरी गंवा चुकी हैं। अधिकारी ने पत्रकारों से कहा कि वह फोन पर अपने परिवार से बात नहीं कर पा रहे हैं। मंत्री ने कहा, ''उन्होंने आज हमारे घर पहुंचने की योजना के बारे में हमें नहीं बताया था। मैं 21 जुलाई को हुई तृणमूल कांग्रेस की शहीद दिवस रैली के बाद कोलकाता में ही हूं। अगर मैं वहां होता तो उन्हें मूड़ी खिलाता।'' इस बीच, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने छापेमारी को राजनीतिक विरोधियों को परेशान करने की भाजपा नीत केंद्र सरकार की ''चाल'' बताया।


डिफेंस से जुड़ी संसदीय समिति से सांसदों का वॉकआउट, कही ये बड़ी बात

इस संसदीय बहस के दौरान बीएसपी के सांसद दानिश अली ने मीटिंग में अग्निपथ स्कीम का मुद्दा उठाया था ।दानिश अली ने संसदीय समिति की बैठक में इस मुद्दे को एजेंडे में शामिल करने की मांग की थी। बीएसपी सांसद की इस मांग को कांग्रेस के सदस्यों का भी समर्थन प्राप्त हुआ।

नई दिल्ली: पार्लियामेंट में इन दिनों डिफेंस और खासकर अग्निपथ योजना को लेकर चर्चा जोरों पर है, जिसके चलते आज डिफेंस से जुड़ी संसदीय समिति को लेकर सांसदों की नाराजगी देखने को मिली। विपक्षी सांसदों ने आरोप लगाया कि उन्हें अग्नीपथ योजना पर चर्चा नहीं करने दी गई।

दिल्ली उच्च न्यायालय में भी अग्निपथ को लेकर हुई थी सुनवाई 

बताते चले की दिल्ली उच्च न्यायालय ने बुधवार को कहा था कि "सशस्त्र बलों में भर्ती के लिए लाई गई अग्नीपथ योजना को चुनौती देने वाली याचिकाओं के एक समूह पर 25 अगस्त को सुनवाई होगी, क्योंकि उच्चतम न्यायालय द्वारा हस्तांतरित की गई फाइल उसे अभी मिलनी बाकी है।
न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा और न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद की बेंच को सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने बताया था कि शीर्ष अदालत ने इस योजना को चुनौती देने वाली अपने समक्ष लंबित सभी याचिकाएं यहां 19 जुलाई को ट्रांसफर कर दी थी, सुप्रीम कोर्ट ने केरल, पंजाब एवं हरियाणा, पटना और उत्तराखंड उच्च न्यायालय को इस योजना के खिलाफ उनके समक्ष दायर सभी जनहित याचिकाओं को, या तो दिल्ली उच्च न्यायालय हस्तांतरित करने या, तब तक स्थगित रखने को कहा था जब तक कि दिल्ली उच्च न्यायालय इस पर निर्णय नहीं सुना देता।

बी एस पी सांसद दानिश अली ने की थी बहस की शुरुआत

इस संसदीय बहस के दौरान बीएसपी के सांसद दानिश अली ने मीटिंग में अग्निपथ स्कीम का मुद्दा उठाया था ।दानिश अली ने संसदीय समिति की बैठक में इस मुद्दे को एजेंडे में शामिल करने की मांग की थी। बीएसपी सांसद की इस मांग को कांग्रेस के सदस्यों का भी समर्थन प्राप्त हुआ।
लंबे शोरगुल के बाद मांग न माने जाने का कारण देते हुए सांसदों ने मीटिंग से वाकआउट कर दिया।


सीबीएसई बोर्ड दसवीं क्लास के रिजल्ट जारी, लड़कियों ने मारी बाजी, पीएम मोदी ने दी बधाई

इस साल ​​त्रिवेंद्रम कक्षा 12वीं और 10वीं दोनों में नंबर एक पर है तो वहीं 10वीं क्लास के रिजल्ट के अनुसार बेंगलुरु जोन 99.22% के साथ दूसरे स्थान पर रहा। त्रिवेंद्रम जोन का 10वीं का पास प्रतिशत 99.68% है। पिछली बार की तरह ही इस बार भी लड़कियों का प्रदर्शन कक्षा 10वीं में भी लड़कों से बेहतर रहा है। 1.41 प्रतिशत अधिक लड़कियां लड़कों से आगे रही हैं।


नई दिल्लीः सीबीएसई बोर्ड ने 10वीं क्लास के नतीजे जारी कर दिए हैं। जिसे छात्र आधिकारिक वेबसाइट cbse.nic.in, cbse.gov.in, cbseacademic.nic.in पर जाकर चेक कर सकते हैं। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE Board) ने इस साल 26 अप्रैल से 24 मई 2022 के बीच कक्षा 10वीं की बोर्ड परीक्षाएं आयोजित की थी। आपको बता दें कि इस बार सीबीएसई बोर्ड की 10वीं क्लास की परीक्षा में​​ 94.40 फीसदी छात्र-छात्राएं सफल हुए हैं।

 इस साल ​​त्रिवेंद्रम कक्षा 12वीं और 10वीं दोनों में नंबर एक पर है तो वहीं 10वीं क्लास के रिजल्ट के अनुसार बेंगलुरु जोन 99.22% के साथ दूसरे स्थान पर रहा। त्रिवेंद्रम जोन का 10वीं का पास प्रतिशत 99.68% है। पिछली बार की तरह ही इस बार भी लड़कियों का प्रदर्शन कक्षा 10वीं में भी लड़कों से बेहतर रहा है। 1.41 प्रतिशत अधिक लड़कियां लड़कों से आगे रही हैं।

पीएम मोदी ने दी बधाई

सीबीएसई बोर्ड का रिजल्ट जारी होने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कक्षा 10वीं 12वीं के छात्रों को बधाई दी, उन्होंने कहा कि मेरे सभी युवा दोस्तों को बधाई, जिन्होंने सीबीएसई कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षा उत्तरीर्ण की। इन युवाओं का धैर्य और समर्पण सराहनीय है। उन्होंने परीक्षा की तैयारी ऐसे समय पर की जब मानवता को एक कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा और यह सफलता हासिल की। आपको बता दें कि इस बार लड़कियों का पास प्रतिशत जहां 95.21 फीसदी रहा, वहीं लड़कों का 93.80% रहा। ट्रांसजेंडर छात्रों ने 90% पास प्रतिशत हासिल किया।

दीया नामदेव रही टॉपर 

स्कॉटिश इंटरनेशनल स्कूल के छात्रा दीया नामदेव को सभी विषय में 100 प्रतिशत अंक मिले हैं। यानि 500 में 500 अंक हासिल हुए हैं। दिया नामदेव शामली की रहने वाली है।


पीएम मोदी ने शुरू की 'हर घर तिरंगा' मुहिम, जनता से 13 से 15 अगस्त बीज तिरंगा फहराने की अपील

आज ही के दिन 22 जुलाई 1947 को तिरंगा ध्वज को राष्ट्रध्वज के रूप में अपनाया गया था। जिसके चलते आज ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'हर घर तिरंगा' मुहिम शुरू करने की योजना बनाई है‌। पीएम मोदी ने लोगों से अपील की है कि वे 13 से 15 अगस्त के बीच अपने-अपने घरों में राष्ट्रध्वज जरूर फहराएं।



नई दिल्लीः आज ही के दिन 22 जुलाई 1947 को तिरंगा ध्वज को राष्ट्रध्वज के रूप में अपनाया गया था। जिसके चलते आज ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'हर घर तिरंगा' मुहिम शुरू करने की योजना बनाई है‌। पीएम मोदी ने लोगों से अपील की है कि वे 13 से 15 अगस्त के बीच अपने-अपने घरों में राष्ट्रध्वज जरूर फहराएं।

इस बार स्वतंत्रता दिवस का खास बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से हर घर तिरंगा मुहिम को सफल बनाने की अपील की है। प्रधानमंत्री ने लोगों से अपील की कि वे 13 अगस्त से 15 अगस्त के बीच अपने-अपने घरों में राष्ट्रध्वज जरूर फहराएं। पीएम मोदी ने इसको लेकर ट्वीट भी किया। उन्होंने लिखा, यह मुहिम तिरंगे के साथ हमारे जुड़ाव को गहरा करेगी। उन्होंने उल्लेख किया कि 22 जुलाई, 1947 को ही तिरंगे को राष्ट्रध्वज के रूप में अपनाया गया था।

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘हम आज उन सभी लोगों के साहस और प्रयासों को याद करते हैं, जिन्होंने उस समय स्वतंत्र भारत के लिए एक ध्वज का स्वप्न देखा था, जब हम औपनिवेशिक शासन के खिलाफ लड़ रहे थे। हम उनके सपने को पूरा करने और उनके सपनों के भारत का निर्माण करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हैं।’’

प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि इस साल, जब हम ‘आजादी का अमृत’ महोत्सव मना रहे हैं, तो आइए ‘हर घर तिरंगा’ आंदोलन को मजबूत करें। 13 से 15 अगस्त के बीच अपने घरों में तिरंगा फहराएं या प्रदर्शित करें। यह मुहिम राष्ट्रध्वज के साथ अपने जुड़ाव को गहरा करेगी।’’

मोदी ने तिरंगे को राष्ट्रध्वज के रूप में अपनाने संबंधी आधिकारिक संवाद की जानकारी भी ट्विटर पर साझा की। उन्होंने भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू द्वारा फहराए गए पहले तिरंगे की तस्वीर भी ट्वीट की। दरअसल, सरकार ने भारत की स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगांठ पर ‘हर घर तिरंगा’ मुहिम शुरू करने की योजना बनाई है।


सीबीएसई ने जारी किया 12वीं का रिजल्ट, लड़कियों ने फिर मारी बाजी

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड में 12वीं क्लास के नतीजे जारी कर दिए हैं। छात्र आधिकारिक वेबसाइट http://cbse.nic.in या http://cbse.gov.in, http://parikshasangam.cbse.gov.in पर अपना रिजल्ट चेक कर सकते हैं। आपको बता दें इस साल 12वीं की परीक्षा में कुल 92. 71 प्रतिशत छात्र छात्राएं पास हुए हैं।

नई दिल्लीः केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड में 12वीं क्लास के नतीजे जारी कर दिए हैं। छात्र आधिकारिक वेबसाइट http://cbse.nic.in या http://cbse.gov.in, http://parikshasangam.cbse.gov.in पर अपना रिजल्ट चेक कर सकते हैं। आपको बता दें इस साल 12वीं की परीक्षा में कुल 92. 71 प्रतिशत छात्र छात्राएं पास हुए हैं। 

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE Board) द्वारा इस साल 26 अप्रैल से 15 जून 2022 के बीच कक्षा 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं आयोजित की गई थी। सीबीएसई की 12वीं क्लास की टर्म 2 परीक्षा में 14 लाख से ज्यादा छात्र-छात्राएं शामिल हुए थे, जिन्हें परीक्षा के नतीजों का बेसब्री से इंतजार था। सीबीएसई कक्षा 12 (CBSE Class 12th) की परीक्षा में सफल होने के लिए छात्रों को सभी सब्जेक्ट में कम से कम 33% अंक हासिल करना जरूरी है। जो छात्र 12वीं की परीक्षा में शामिल हुए थे, वह अपने स्कूल कोड, रोल नंबर और जन्म तिथि के साथ लॉग इन करके अपना परिणाम देख सकते हैं और अंक पत्र डाउनलोड कर सकते हैं।

ऐसे चेक करें रिजल्ट

स्टेप 1: छात्र सबसे पहले बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in, cbresults.nic.in पर जाएं।

स्टेप 2: इसके बाद कक्षा 12 परिणाम लिंक पर क्लिक करें।

स्टेप 3: अब अपना रजिस्ट्रेशन नंबर/ रोल नंबर दर्ज करें।

स्टेप 4: इसके बाद 12वीं क्लास के परिणाम 2022 स्क्रीन पर दिखाई देगा।

स्टेप 5: अब अपना स्कोरकार्ड डाउनलोड करें।

स्टेप 6: अंत में छात्र रिजल्ट का प्रिंट आउट निकाल लें।


द्रोपति मुर्मू होगी अगली राष्ट्रपति, बहुमत से जीतकर रचा इतिहास

देश के राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए उम्मीदवार द्रोपति मुर्मू ने बड़े अंतर से विपक्ष उम्मीदवार यशवंत सिन्हा को हरा दिया। तीसरे राउंड की वोटिंग में द्रौपदी मुर्मू ने 50 फीसदी से अधिक वोट हासिल कर लिया। द्रौपदी मुर्मू को तीसरे राउंड में 5,77,777 वोट मिले जो बहुमत के लिए काफी। तीसरे राउंड तक की गिनती में विपक्ष उम्मीदवार यशवंत सिन्हा को केवल 2,61,062 वोट ही मिल पाए।


नई दिल्लीः देश के राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए उम्मीदवार द्रोपति मुर्मू ने बड़े अंतर से विपक्ष उम्मीदवार यशवंत सिन्हा को हरा दिया। तीसरे राउंड की वोटिंग में द्रौपदी मुर्मू ने 50 फीसदी से अधिक वोट हासिल कर लिया। द्रौपदी मुर्मू को तीसरे राउंड में 5,77,777 वोट मिले जो बहुमत के लिए काफी। तीसरे राउंड तक की गिनती में विपक्ष उम्मीदवार यशवंत सिन्हा को केवल 2,61,062 वोट ही मिल पाए। द्रौपदी मुर्मू के जीत की खुशी में उनके गृह राज्य ओडिशा में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है। मुर्मू देश की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति बनेंगी। 

मुर्मू को आधिकारिक रूप से समर्थन देने वाले दलों की संख्या बल के अतिरिक्त उन्हें पांच से छह और सांसदों के वोट मिलने का अनुमान है। चुनाव से पहले विभिन्न दलों के 538 सांसदों ने मुर्मू को अपना समर्थन दिया था, लेकिन उनमें से कुछ ने वोट नहीं दिया। दूसरी ओर, सिन्हा के कुल वोटो का मूल्य 1,45,600 था, जो कुल वैध मतों का 27.81 प्रतिशत है। अधिकारियों ने बताया कि मतगणना के दूसरे दौर में विधायकों के मतों की गिनती हुई है। देश के नए राष्ट्रपति का शपथग्रहण 25 जुलाई को होना है। उससे एक दिन पहले यानी 24 जुलाई को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का कार्यकाल खत्म हो रहा है।


राष्ट्रपति चुनाव के लिए दूसरे राउंड के नतीजे घोषित, द्रौपदी मुर्मू ऐतिहासिक जीत के करीब

द्रौपदी मुर्मू विपक्ष के उम्मीदवार से करीब 600 वोटों से आगे चल रही है। देश के राष्ट्रपति के लिए द्रौपदी मुर्मू के नाम पर भारी मतों से जीत की मोहर लगती दिख रही है। जानकारी के मुताबिक द्रौपदी मुर्मू को 1349 वोट मिले हैं तो वहीं विपक्ष उम्मीदवार को सिर्फ 537 वोट मिले हैं।



नई दिल्लीः राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतगणना सुबह 11 बजे से जारी है। पहले रुझान मैं NDA प्रत्याशी को 540 सासंदों के वोट मिले थे तो वहीं विपक्षी के उम्मीदवार को केवल 208 वोट मिले। आप बता दें कि, राष्ट्रपति चुनाव में NDA प्रत्याशी द्रौपदी मुर्मू और विपक्ष के उम्मीदवार यशवंत सिन्हा के बीच मुकाबला है। पहले राउंड की तरह ही चुनाव के दूसरे राउंड की गिनती में भी द्रौपदी मुर्मू विपक्ष के उम्मीदवार से करीब 600 वोटों से आगे चल रही है। देश के राष्ट्रपति के लिए द्रौपदी मुर्मू के नाम पर भारी मतों से जीत की मोहर लगती दिख रही है। जानकारी के मुताबिक द्रौपदी मुर्मू को 1349 वोट मिले हैं तो वहीं विपक्ष उम्मीदवार को सिर्फ 537 वोट मिले हैं।


सोनिया गांधी से ईडी की पूछताछ खत्म, खराब स्वास्थ्य का दिया हवाला 25 जुलाई को होगी दोबारा पूछताछ

नेशनल हेरल्ड मामले में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से ईडी की आज की पूछताछ खत्म हो गई है। सूत्रों के मुताबिक, सोनिया को अब सोमवार को ईडी दफ्तर फिर से बुलाया जा सकता है। गौरतलब है कि ईडी तीन राउंड में पूछताछ करेगा। करीब दो घंटे से ज्यादा की पूछताछ के बाद कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ईडी दफ्तर से निकलीं। कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने सोनिया गांधी से ईडी की पूछताछ की आलोचना की है।



नई दिल्लीः नेशनल हेरल्ड मामले में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से ईडी की आज की पूछताछ खत्म हो गई है। सूत्रों के मुताबिक, सोनिया को अब सोमवार को ईडी दफ्तर फिर से बुलाया जा सकता है। गौरतलब है कि ईडी तीन राउंड में पूछताछ करेगा। करीब दो घंटे से ज्यादा की पूछताछ के बाद कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ईडी दफ्तर से निकलीं। कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने सोनिया गांधी से ईडी की पूछताछ की आलोचना की है। गुलाम नबी आजाद ने कहा कि, एक ही परिवार को दो सदस्यों को बार-बार समन भेजना सही नहीं है, वो भी एक ही केस में। जहां तक प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए लोगों का सवाल है तो वो कानून-व्यस्था के लिए खतरा नहीं था। हमें प्रदर्शन करने का अधिकार है।

बड़े कांग्रेसी नेता गिरफ्तार

कांग्रेस सांसद दीपेंदर हुड्डा सोनिया गांधी से ईडी की पूछताछ के खिलाफ सड़क पर प्रदर्शन करने उतर गए हैं। उन्होंने कहा कि हम शांतिपूर्वक प्रदर्शन कर रहे हैं। वे हमारी आवाज नहीं दबा सकते हैं। कांग्रेस ने पूछताछ के विरोध में गुरुवार को देशव्यापी प्रदर्शन किया और अपनी नेता के प्रति एकजुटता प्रकट करते हुए पार्टी के सांसदों एवं कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) सदस्यों ने सामूहिक गिरफ्तारी दी। मुख्य विपक्षी दल के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दिल्ली के साथ ही देश के अलग-अलग हिस्सों में ‘सत्याग्रह’ किया। कई जगहों पर पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर पानी की बौछारें की। इसके अलावा अशोक गहलोत, मल्लिकार्जुन खड़गे, शशि थरूर समेत 75 कांग्रेस नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया।